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Interesting: रोज स्कूल जाते हैं लड्डू गोपाल, आम बच्चों की तरह पानी की बोतल और टिफिन भी जाता है साथ

लड्डू गोपाल तीसरी कक्षा के छात्र हैं. बाकायदा रोज स्कूल जाते हैं. क्लास में सामान्य बच्चों की तरह उन्हें सीट पर बैठाया जाता है.

Interesting: रोज स्कूल जाते हैं लड्डू गोपाल, आम बच्चों की तरह पानी की बोतल और टिफिन भी जाता है साथ
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डीएनए हिंदी: पूरी दुनिया चलाने वाले लड्डू गोपाल ने अब स्कूल में एडिशन ले लिया है. यकीन नहीं होता तो तस्वीरें देखिए. मथुरा में बुर्जा मार्ग स्थित सांदीपनि मुनि स्कूल में बच्चों के साथ लड्डू गोपाल हर दिन स्कूल में पढ़ने के लिए पहुंचते हैं. सुबह उन्हें स्कूल छोड़ते समय पानी की बोतल और लंच भी रखा जाता है. स्कूल में बच्चों के बीच बैठकर लड्डू गोपाल प्राइमरी की शिक्षा ले रहे हैं.

दिल्ली निवासी रामगोपाल तिवारी सात साल से तीर्थनगरी मथुरा में रहते हैं. धार्मिक प्रवृत्ति के रामगोपाल की दिनचर्या अपने लाडले लड्डू गोपाल की सेवा पूजा में बीतती है. अचानक उनके मन मे सवाल उठा कि सब बच्चे स्कूल पढ़ने जाते हैं तो उनका लड्डू क्यों नहीं पढ़ सकता. बस इसी खयाल क साथ उन्होंने लड्डू गोपाल को स्कूल में एडमिशन दिलवा दिया. वह पूरा दिन बच्चों के बीच बिताते हैं फिर छुट्टी होने पर रामगोपाल के साथ घर लौट जाते हैं.

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तीसरी क्लास में पढ़ते हैं कन्हैया

पिछले चार साल से स्कूल जाने वाले लड्डू गोपाल तीसरी कक्षा के छात्र हैं. बाकायदा रोज स्कूल जाते हैं. क्लास में सामान्य बच्चों की तरह उन्हें सीट पर बैठाया जाता है. आम लोगों के लिए ये भले ही रोचक और कौतूहल का विषय हो लेकिन रामगोपाल तिवारी के लिए प्रभु की मूरत उनके बच्चे से ज्यादा कुछ नहीं.

कैसे हुआ स्कूल में दाखिला?

जब रामगोपाल ने संदीपनि मुनि स्कूल की प्रिंसपल के सामने अपने लड्डू गोपाल के दाखिले की अर्जी रखी. प्रिंसिपल ने पहले तो ना-नुकुर की फिर उनकी जिद देखकर कन्हैया का आधार कार्ड और बर्थ सर्टिफिकेट मांग लिया. इसके बावजूद रामगोपाल जिद पर अड़े रहे. थक हारकर इस्कान भक्त स्कूल संचालक रूपा रघुनाथ दास ने लड्डू गोपाल को बिना एडमिशन के ही शिक्षा दिलाने की अनुमति दे दी. रामगोपाल लड्डू गोपाल को रोज वॉकर में बैठाकर क्लास रूम तक छोड़ने आते हैं. 

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