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Morbi Bridge Collapse: किसी ने दोस्त गंवाया किसी ने बच्चे, हादसे की आपबीती सुन नम हो जाएंगी आंखें

अश्विन बताते हैं कि उनकी आंखों के सामने एक एक कर लोग पानी में गिर रहे थे. इनमें बच्चे भी शामिल थे.

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डीएनए हिंदी: गुजरात के मोरबी में रविवार को एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ. मच्छु नदी पर बना पुल अचानक गिर गया और इस हादसे में 140 से ज्यादा लोगों की जान चली गई. कौन जानता था कि मस्तीभरे ये पल मातम में बदल जाएंगे और सबकुछ तहस-नहस हो जाएगा. इस दुर्घटना में कई लोगों ने अपनी जान गंवा दी और कुछ मौत के मुंह से बचकर घर लौटे. जरा सोचिए उनकी आंखों के आगे वह मंजर किस तरह का होगा. अपने सामने मौत को देखना मरने से कम नहीं. वहां से बचकर लौटे महेश ने चौंका देने वाली बात बताई. महेश के मुतबिक जब ये लोग ब्रिज के पास पहुंचे तो टिकट लेने के बाद भीड़ कम होने का इंतजार कर रहे थे तभी काउंटर पर मौजूद व्यक्ति ने इन्हें वंहा खड़े रहने के लिए मना किया और इन्हें और इनके दोस्त को जबरन झूले वाले ब्रिज पर जाने के लिए कहा. जैसे ही महेश और उनका दोस्त ब्रिज पर गए वो टूट गया. इस हादसे में महेश के गले पर चोट आई जबकि उनका मित्र गंभीर रूप से जख्मी है. उसे राजकोट के अस्पताल में रेफर कर दिया गया है.

मौत को मात देकर लौटे अश्विन

ब्रिज पर मौजूद अश्विन के मुताबिक वो शाम को साढ़े 5 बजे से ब्रिज पर थे. उनका दोस्त भी साथ था. ब्रिज टूटते ही वो और करीब 7 लोग एक पेड़ पर अटक गए. इस वजह से उनके पैर में चोट आई है. वहीं उनका दोस्त पूरी तरह से सलामत है. अश्विन बताते हैं कि उनकी आंखों के सामने एक एक कर लोग पानी में गिर रहे थे. इनमें बच्चे भी शामिल थे. जैसे-तैसे अश्विन के साथ पेड़ पर लटक रहे लोग बाहर आए इसमें 3 महिलाएं भी थीं.


आंखों के सामने रिश्तेदारों को खोया

ब्रिज हादसे में कोकिलाबेन की मौत हो गई. इनके साथ इनकी भांजी सविता भी मौजूद थी लेकिन घटना में कोकिलाबेन की मौत हो गई जबकि सविता को सिर के पीछे गंभीर चोट लगी है. हादसे के समय सविता और उनकी मामी के बच्चे भी थे जिन्हें झूलते हुए ब्रिज पर डर लग रहा था. इस वजह से बच्चे वापस ब्रिज से बाहर आ गए जबकि सविता और कोकिलाबेन हादसे की चपेट में आ गईं. सविता को अभी तक उनके मामी के मौत की खबर परिवार वालो ने नही दी है. क्योंकि सिर पर लगी चोट की वजह से उन्हें सदमा भी लग सकता है.


घूमने आए थे क्या पता था दोस्त भीड़ में गुम जाएगा

इसी ब्रिज पर रवि नाम का युवक भी अपने दोस्त के साथ गया था. उसके दोस्त फिरोज की मौत हो गई और रवि इस सदमे के चलते अभी बात नहीं कर रहे. रवि की मां भीकूबेन एक तरफ जहां बेटे की जान बचने से राहत महसूस कर रही हैं तो वही रवि के दोस्त फिरोज की मौत की जानकारी से उनकी आंखों से आंसू गिरने लगे. भीकूबेन ने बताया की फिरोज का एक छोटा बेटा है उसके बारे में सोचकर रोने लगी.

 

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