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लाहौर सफारी चिड़ियाघर का प्रशासन अपने कुछ अफ्रीकी शेरों को बेचना चाहता है. इसके लिए प्रति शेर की कीमत 1,50,000 पाकिस्तानी रुपये रखी गई है. वहीं, पाकिस्तान में अगर ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर एक भैंस की कीमत देखें तो यह 3,50,000 रुपये से 10 लाख रुपये के बीच में है.
डीएनए हिंदी: हमारे पड़ोसी देश पाकिस्तान की खस्ता हालत के बारे में पूरी दुनिया जानती है. लाख कोशिशों के बाद भी देश अपने आर्थिक संकट से बाहर नहीं आ पा रहा है. यहां महंगाई आसमान छूने को तैयार है. इसका असर ना केवल खाने-पीने की चीजों पर, बल्कि मवेशियों की कीमतों पर भी पड़ रहा है. इस बीच पड़ोसी देश से एक बेहद हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है. खबर के अनुसार, पाकिस्तान में एक शेर की कीमत भैंस के दाम से कम है, यानी आप पाकिस्तान में भैंस से कम दाम में शेर को खरीद सकते हैं.
क्या है पूरा मामला?
समा टीवी की रिपोर्ट के अनुसार, लाहौर सफारी चिड़ियाघर का प्रशासन अपने कुछ अफ्रीकी शेरों को बेचना चाहता है. इसके लिए प्रति शेर की कीमत 1,50,000 पाकिस्तानी रुपये रखी गई है. वहीं, पाकिस्तान में अगर ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर एक भैंस की कीमत देखें तो यह 3,50,000 रुपये से 10 लाख रुपये के बीच में है. कुल मिलाकर शेर की कीमत से कई गुना ज्यादा भैंस की कीमत है.
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लाहौर सफारी चिड़ियाघर प्रबंधन की ओर से अगस्त के पहले सप्ताह में अपने 12 शेरों को बेचने की उम्मीद जताई गई है. बिक्री के लिए तीन शेरनी हैं, जिन्हें निजी आवास योजनाओं या पशुपालन के प्रति उत्साही लोगों को काफी किफायती कीमतों पर बेचा जा सकता है.
क्यों आई ऐसी नौबत?
समा टीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, चिड़ियाघर प्रशासन ने चिड़ियाघर में जानवरों के रखरखाव की बढ़ती लागत और अन्य खर्चों को पूरा करने के लिए शेरों को बेचने का फैसला किया है. वहीं, इन्हे्ं इतने कम दाम में इसलिए बेचा जा रहा क्योंकि उनकी देखभाल करना काफी मुश्किल है. महंगाई के कारण चिड़ियाघर को फंड की जरूरत है इसलिए अब शेरों को बेचने का विचार किया गया है.
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बता दें कि लाहौर का सफारी चिड़ियाघर पाकिस्तान के अन्य चिड़ियाघरों की तुलना में काफी बड़ा है. 142 एकड़ में फैले इस परिसर में कई जंगली जानवर हैं. हालांकि, इसका गौरव इसकी 40 शेरों की नस्लों पर ही टिका है. मामले को लेकर चिड़ियाघर प्रशासन का कहना है कि वे इनकम के लिए नियमित रूप से कुछ शेरों को बेच दिया करते हैं. पिछले साल भी सफारी चिड़ियाघर में सीमित जगह बताते हुए 14 शेरों को बेच दिया गया था.
(इनपुट- आईएएनएस)
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