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तुर्की के राष्ट्रपति चुनाव में फिर जीते रेजब तैयब एर्दोआन, 20 साल से सत्ता पर हैं काबिज

Turkey President Elections: तुर्की के राष्ट्रपति चुनाव में रेजब तैयब एर्दोआन ने अपने प्रतिद्वंद्वी कमाल को मामूली अंतर से हरा दिया है.

तुर्की के राष्ट्रपति चुनाव में फिर जीते रेजब तैयब एर्दोआन, 20 साल से सत्ता पर हैं काबिज

Recep Tayyip Erdoğan

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डीएनए हिंदी: तुर्की के राष्ट्रपति चुनाव में मौजूदा राष्ट्रपति रेजब तैयब एर्दोआन ने एक बार फिर से जीत हासिल कर ली है. चुनाव के बाद इस्तांबुल में अपने घर के बाहर समर्थकों को संबोधित करते हुए एर्दोआन ने इसकी पुष्टि की और जनता को शुक्रिया कहा. एर्दोआन ने चुनाव के दूसरे दौर में यह जीत हासिल की है. 14 मई को पहले दौर के चुनाव में किसी भी पार्टी को सरकार बनाने के लिए पूर्ण बहुमत नहीं मिल पाया था. पहले तुर्की के प्रधानमंत्री रह चुके एर्दोआन लगभग 20 सालों से तुर्की की सत्ता पर काबिज हैं और अगले पांच सालों के लिए फिर से उनका रास्ता साफ हो चुका है.

अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए एर्दोआन ने कहा, 'मैं आगामी पांच सालों के लिए एक बार फिर से इस देश पर शासन करने की जिम्मेदारी सौंपने के वास्ते अपने राष्ट्र के प्रत्येक सदस्य का शुक्रिया अदा करता हूं.' एर्दोआन ने अपने प्रतिद्वंद्वी कमाल केलिचडारोहलू का मज़ाक उड़ाते हुए कहा, 'बाय बया बया, कमाल.' उन्होंने कहा, 'आज सिर्फ तुर्की विजेता है.'

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मामूली अंतर से जीते एर्दोआन
तुर्की की स्थानीय मीडिया के मुताबिक, 99 फीसदी वोटों की गिनती किए जाने तक एर्दोआन को 52.08 फीसदी वोट मिले थे और उनके प्रतिद्वंद्वी 47.9 वोट मिले हैं. तुर्की की सरकारी समाचार एजेंसी 'अनादोलू' ने दिखाया कि एर्दोआन को 52.1 फीसदी वोट मिले हैं, जबकि कमाल को 47.9 प्रतिशत मत हासिल हुए हैं. इस बीच, विपक्ष की करीबी 'एनएनकेए' समाचार एजेंसी ने कहा कि कमाल को 48.1 फीसदी वोट हासिल हुए हैं, जबकि एर्दोआन को 51.9 प्रतिशत वोट मिले हैं. 

इस्तांबुल में एर्दोआन के समर्थकों ने अंतिम परिणाम घोषित होने से पहले ही जश्न मनाना शुरू कर दिया था. तुर्की का चुनावी बोर्ड मतगणना के दौरान राजनीतिक दलों को अपना डेटा भेजता है लेकिन कुछ दिनों बाद तक आधिकारिक परिणाम घोषित नहीं करता है. चुनाव परिणाम का असर अंकारा से बाहर भी दिखेगा क्योंकि तुर्की यूरोप और एशिया के बीच स्थित है और यह उत्तरी अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) का सदस्य है.

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पहले दौर के चुनाव में नहीं मिला था बहुमत
देश में 14 मई को हुए पहले दौर के चुनाव में किसी भी उम्मीदवार को सरकार गठन के लिए जरूरी बहुमत नहीं मिल पाया था. दूसरे दौर के चुनाव के लिए मतदान रविवार सुबह आठ बजे शुरू हुआ. तुर्की में ‘एक्जिट पोल’ (चुनाव बाद सर्वेक्षण) नहीं होते लेकिन शाम5 बजे मतदान खत्म होने के कुछ ही घंटों के अंदर शुरुआती नतीजे सामने आने की उम्मीद की जा रही थी. इस चुनाव में छह करोड़ 40 लाख से अधिक मतदाता मताधिकार का इस्तेमाल करने के लिए पात्र थे. इस्तांबुल में वोट डालने के बाद संवाददाताओं से बातचीत में राष्ट्रपति एर्दोआन ने कहा कि यह तुर्की के इतिहास में पहला राष्ट्रपति चुनाव है, जिसमें दूसरे दौर का मतदान हुआ है. 

74 वर्षीय पूर्व नौकरशाह कमाल ने दूसरे दौर के मतदान को देश के भविष्य के लिहाज से एक जनमतसंग्रह बताया. एर्दोआन पिछले 20 साल से तुर्की की सत्ता पर काबिज हैं. पहले दौर के मतदान में जीत के लिए आवश्यक बहुमत से कुछ अंतर से चूक गए थे. पहले चरण में एर्दोआन अपने प्रतिद्वंद्वी कमाल से चार प्रतिशत अंकों से आगे रहे थे. कमाल छह दलों के गठबंधन और मध्यमार्गी-वामपंथी मुख्य विपक्षी दल के उम्मीदवार हैं.

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