दुनिया
भारत की बढ़ती ताकत देख कर पाकिस्तान के पसीने छूटने लगे हैं. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने दुनिया से गुहार लगाई है कि भारत को आधुनिक मिसाइल तकनीक न दी जाए. पाकिस्तान का ये भी कहना है कि भारत की असली ताकत अनुमान से कहीं ज्यादा हो सकती है.
India's nuclear weapons: दुनिया भर में मिलिट्री अफेयर्स पर रखने वाली वैश्विक संस्था, स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) ने अपनी हालिया रिपोर्ट में बताया है कि भारत ने शांति काल में भी अपने 12 न्यूक्लियर वॉरहेड को लॉन्चर्स के साथ जोड़कर ऑपरेशनल किया है. इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद पाकिस्तान बौखलाया हुआ है. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने इस पर बौखलाहट में प्रतिक्रिया दी है और भारत की बढ़ती रणनीतिक क्षमताओं पर चिंता जताई है.
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि भारत की परमाणु ताकत अंतरराष्ट्रीय अनुमानों में आंकी गई क्षमता से कहीं ज्यादा और अधिक उन्नत हो सकती है. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से गुहार लगाई है कि वे भारत को एडवांस्ड डिफेंस टेक्नोलॉजी देने से पहले सोचें. पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्रबी ने एक प्रेस ब्रीफींग में कहा कि भारत के मिलिट्री आधुनिकीकरण से दक्षिण एशिया में मौजूदा रणनीतिक संतुलन बिगड़ सकता है.
Weekly Press Briefing by the Spokesperson @TahirAndrabi
— Ministry of Foreign Affairs - Pakistan (@ForeignOfficePk) June 11, 2026
On SIPRI’s Report regarding Deployment & Development of Nuclear Warheads by India. pic.twitter.com/QCSDgL062K
भारत की बढ़ती ताकत को लेकर पाकिस्तानी सेना के कुछ पूर्व अधिकारी झूठ फैलाने और दुनिया को भड़काने के काम में भी जुट गए हैं. पाकिस्तान के सीनियर डिफेंस अधिकारी, रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल मजहर जमील इसे लेकर कहा है कि भारत के स्ट्रैटेजिक फोर्सेज़ प्रोग्राम, समें इंटरकॉन्टिनेंटल रेंज वाली मिसाइल सिस्टम भी शामिल हैं, का मकसद सिर्फ पाकिस्तान या चीन को निशाना बनाना नहीं है. मजहर जमील ने कहा कि भारत अपने मिसाइल प्रोग्राम से खुद को एक ऐसी ग्लोबल न्यूक्लियर पावर के तौर पर स्थापित करना है जो पश्चिमी देशों की प्रमुख राजधानियों के लिए खतरा पैदा करने में सक्षम हो.
स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट की रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत के पास अभी लगभग 190 परमाणु हथियार हैं. यह पहले के मुकाबले ज्यादा हैं यानी कि भारत ने नए न्यूक्लियर वॉरहेड भी बनाए हैं. इस रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि भारत ने कुछ परमाणु हथियार ऑपरेशनल भी किए हैं. इनकी संख्या लगभग 12 बताई जा रही है. रिपोर्ट के अनुसार ये वॉरहेड भारत की परमाणु हमले में सक्षम बैलिस्टिक मिसाइल पनडुब्बियों पर तैनात हैं. SIPRI की रिपोर्ट में की रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि भारत की न्यूक्लियर पॉवर बैलिस्टिक मिसाइल सबमरीन ने परमाणु हथियारों के साथ हिंद महासागर में डिटरेंस पेट्रोल भी की है. रिपोर्ट में ये भी बताया गया है कि भारत ने एक ही मिसाइल से कई वॉरहेड लॉन्च करने की क्षमता भी हासिल कर ली है.