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म्यांमार में आंग सान सू की को मिलेगी माफी, क्या बहाल हो पाएगा लोकतंत्र?

Aung San Suu Kyi: म्यांमार की आर्मी ने आंग सान सू की को कुल पांच मामलों में माफी दे दी है. हालांकि, वह अभी भी हाउस अरेस्ट में ही रहेंगी.

म्यांमार में आंग सान सू की को मिलेगी माफी, क्या बहाल हो पाएगा लोकतंत्र?

आंग सान सू की

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डीएनए हिंदी: म्यांमार में लंबे समय से जारी गतिरोध के बीच एक बड़ी खबर सामने आई है. स्थानीय मीडिया के मुताबिक, म्यांमार की नेता आंग सान सू की को माफी दे दी गई है. रिपोर्ट के मुताबिक, स्टेट एडमिनिस्ट्रेशन काउंसिल के चेयरमैन ने हिरासत में रखी गई आंग सान सू की को माफ करने का फैसला सुनाया है. साल 2021 में ही म्यांमार की आर्मी ने तख्तापलट कर दिया था और अपने हाथ में शासन की बागडोर लेकर सत्ताधारी पार्टी के ज्यादातर नेताओं को जेल भेज दिया था. उसके बाद से ही म्यांमार के कई इलाकों में हिंसा जारी है.

एक समय पर म्यांमार की सत्ता में अहम भूमिका निभा रही आंग सान सू के खिलाफ कई मामले चल रहे हैं. अब स्टेट काउंसिल ने इनमें से पांच मामलों में आंग सान सू की को माफी दे दी है. हालांकि, वह अभी भी नजरबंद रखी जाएंगी. आंग सान सू की के साथ-साथ 7,000 अन्य कैदियों को भी इन मामलों में माफी दे दी गई है. बता दें कि म्यांमार की ओर से लगाए आरोपों के मामले में आंग सान सू की को कुल 33 साल जेल की सजा सुनाई गई थी.

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हाउस अरेस्ट में रखी गई हैं आंग सान सू की
इनमें से ज्यादातर मामले ऐसे हैं जिनकी मदद से सेना ने उनको जनता का समर्थन हासिल करने से रोकने की कोशिश की. बता दें कि लगातार दो बार चुनाव जीतने वाली आंग सान सू की और उनकी पार्टी पर सेना ने आरोप लगाए थे कि उन्होंने साल 2020 में बड़ी धांधली करके चुनाव जीता है. पिछले हफ्ते तक वह जेल में थीं लेकिन अब उन्हें उनके घर पर ही नजरबंद रखा गया है.

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बता दें कि आंग सान सू को मंत्री का हेलिकॉप्टर किराए पर लेने के नियमों के उल्लंघन जैसे कई मामलों में दोषी करार देते हुए कुल 33 साल की सजा दी गई है. नोबेल पुरस्कार से सम्मानित आंग सान सू की ने भूटान के डॉ. माइकल ऐरिस से शादी की थी. उनके बेटों के विदेशी नागरिक होने के चलते वह देश की राष्ट्रपति नहीं बन सकीं. 2015 में हुए चुनाव में उनकी पार्टी ने बंपर जीत हासिल की थी. राष्ट्रपति कोई और बना लेकिन सत्ता की असली ताकत आंग सान सू की के ही हाथ में थी. उनकी अगुवाई में 2020 में भी उनकी पार्टी ने बंपर जीत हासिल की थी.

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