स्पोर्ट्स
Gaurav Barar | Jul 20, 2026, 11:15 AM IST
1.स्पेन ने जीता फीफा वर्ल्ड कप 2026

स्पेन ने फुटबॉल की दुनिया में एक बार फिर अपना परचम लहरा दिया है. सोमवार रात (भारतीय समयानुसार) न्यू जर्सी के मैदान पर खेले गए फीफा वर्ल्ड कप 2026 के महामुकाबले में स्पेन ने डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना को 1-0 से हराकर चमचमाती ट्रॉफी अपने नाम कर ली. (Image Source- X/@SpainIsFootball)
2.मेसी का खिताब बचाने का सपना टूटा

इस हार के साथ ही महान फुटबॉलर लियोनेल मेसी का खिताब बचाने का सपना टूट गया. स्पेन की यह जीत इसलिए भी बेहद खास है क्योंकि पूरी प्रतियोगिता में वे एक भी मैच नहीं हारे और आठ मैचों में विरोधी टीमें उनके खिलाफ सिर्फ एक गोल ही कर सकीं. तय समय तक दोनों टीमों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली और कोई भी टीम गोल नहीं कर पाई. (Image Source- IANS)
3.टोरेस स्पेन के सबसे बड़े हीरो बनकर उभरे

इसके बाद मैच एक्स्ट्रा टाइम में पहुंचा, जहां खेल के 106वें मिनट में मैदान पर सब्स्टीट्यूट के तौर पर आए फेरान टोरेस स्पेन के सबसे बड़े हीरो बनकर उभरे. उन्होंने अर्जेंटीना के धाकड़ गोलकीपर एमिलियानो मार्टिनेज को छकाते हुए एक ऐसा जोरदार शॉट लगाया जो सीधे नेट के ऊपरी हिस्से में जा घुसा. यही इकलौता गोल मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ. (Image Source- IANS)
4.स्पेन ने दूसरी बार जीता मेंस फीफा वर्ल्ड कप

इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही स्पेन ने दूसरी बार मेंस फीफा वर्ल्ड कप का खिताब अपने नाम किया है. इससे पहले साल 2010 में स्पेन पहली बार चैंपियन बना था. स्पेन की इस जीत में 19 साल के युवा सनसनी यमाल का भी बड़ा योगदान रहा, जो बार्सिलोना के लिए खेलते हैं. (Image Source- IANS)
5.2010 में स्पेन पहली बार बना था चैंपियन

जब 2010 में स्पेन पहली बार चैंपियन बना था, तब यमाल सिर्फ तीन साल के थे और आज वह खुद इस ऐतिहासिक जीत के गवाह और हीरो बन चुके हैं. वहीं दूसरी तरफ, अर्जेंटीना और मेसी के एक सुनहरे दौर का अंत हो गया, जिन्होंने अपनी टीम को 2022 वर्ल्ड कप और दो बार कोपा अमेरिका का खिताब जिताया है. (Image Source- IANS)
6.यूरो कप 2024 भी जीत चुकी है स्पेन की टीम

स्पेन की टीम इस समय फुटबॉल की दुनिया पर राज कर रही है. वे पहले ही यूरो कप 2024 जीत चुके थे और अब वर्ल्ड चैंपियन भी बन गए हैं. स्पेन का यह प्रदर्शन उनके 2008 से 2012 वाले उस स्वर्णिम दौर की याद दिलाता है जब उन्होंने लगातार दो बार यूरो कप और एक बार वर्ल्ड कप जीता था. (Image Source- IANS)
7.पूरी टीम के शानदार तालमेल की वजह से मिली सफलता

दिलचस्प बात यह है कि इस पूरे टूर्नामेंट में स्पेन की जीत किसी एक खिलाड़ी के भरोसे नहीं, बल्कि पूरी टीम के शानदार तालमेल की वजह से मिली. मिडफील्ड में रोड्रि ने खेल को पूरी तरह अपने नियंत्रण में रखा. मिकेल ओयारज़ाबाल ने टूर्नामेंट में पांच गोल दागकर अपनी उपयोगिता साबित की, तो वहीं गोलकीपर उनाई सिमोन ने अपने बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर 'गोल्डन ग्लव' का अवॉर्ड अपने नाम किया. (Image Source- X/@SpainIsFootball)
8.इतिहास के पन्नों में दर्ज हुआ टोरेस का नाम

इस मैच में विनिंग गोल दागने वाले फेरान टोरेस ने भी इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा लिया है. वह वर्ल्ड कप फाइनल में सब्स्टीट्यूट के तौर पर आकर गोल करने वाले दुनिया के पांचवें खिलाड़ी बन गए हैं. उनसे पहले 2014 में जर्मनी के मारियो गोत्जे ने अर्जेंटीना के खिलाफ ही यह कारनामा किया था. (Image Source- IANS)
9.सिर्फ एक ही सटीक शॉट लगा पाई अर्जेंटीना

अर्जेंटीना की टीम पूरे मैच में सिर्फ एक ही सटीक शॉट लगा पाई. एक्स्ट्रा टाइम में अर्जेंटीना की मुश्किलें तब और बढ़ गईं जब उनके खिलाड़ी एंजो फर्नांडीज को दो येलो कार्ड मिलने की वजह से मैदान से बाहर (रेड कार्ड) जाना पड़ा. 10 खिलाड़ियों के साथ खेल रही अर्जेंटीना की टीम पर स्पेन ने पूरी तरह दबाव बना लिया और आखिरकार वर्ल्ड कप का ताज अपने सिर सजाया. (Image Source- X/@SpainIsFootball)