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Rahu-Mangal Yoga: दुनिया में रोग-युद्ध और तूफान का मंडरा रहा खतरा, 7 जून तक राहु-मंगल योग का दिखेगा सबसे बुरा असर

Shadashtak Yoga of Rahu and Mars: क्रूर एवं मायावी ग्रह राहु कुंभ राशि में प्रवेश कर चुका है. 18 मई 2025 को राहु के गोचर से भयावह षडाष्टक योग बन रहा है, जिसका जन-जीवन के साथ-साथ देश-दुनिया पर भी व्यापक प्रभाव पड़ेगा.

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Rahu-Mangal Yoga: दुनिया में रोग-युद्ध और तूफान का मंडरा रहा खतरा, 7 जून तक राहु-मंगल योग का दिखेगा सबसे बुरा असर

6 ग्रह-नक्षत्रों का योग बना रहा विश्व में खतरनाक युद्ध-तूफान और भूकंप का संयोग

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ज्योतिष शास्त्र के अनुसार राहु और मंगल की वर्तमान स्थिति खतरनाक षडाष्टक योग का निर्माण कर रही है. दरअसल, राहु 18 मई को कुंभ राशि में प्रवेश करेगा. मंगल 3 अप्रैल से कर्क राशि में है. इससे राहु और मंगल के बीच षडाष्टक योग बन रहा है. यह योग छठे या आठवें भाव में दो ग्रहों की उपस्थिति के कारण बनता है. वर्तमान में राहु और मंगल के बीच भी ऐसी ही स्थिति बनी हुई है.  
 
षडाष्टक योग क्या है?

वैदिक ज्योतिष के अनुसार, इस प्रकार का संयोग तब बनता है जब दो ग्रह एक दूसरे से छठे और आठवें भाव में होते हैं. इसके अलावा ऐसा संयोग तब भी बनता है जब दो ग्रहों के बीच 150 डिग्री का अंतर हो. इस षडाष्टक योग के कारण व्यक्ति को कई प्रकार की चुनौतियों और समस्याओं का सामना करना पड़ता है. राहु और मंगल दोनों को पापी और खतरनाक ग्रह माना जाता है. ऐसे में दो दुर्जेय ग्रहों की युति इस योग को और अधिक शक्तिशाली बना रही है. यह षडाष्टक योग सामाजिक संबंधों, वित्तीय निर्णयों और मानसिक शांति को भी प्रभावित करेगा. साथ ही प्राकृतिक आपदाएं और रोगों की वृद्धी करेगा.
 
7 जून तक रहेगा प्रभावी

मंगल 7 जून तक कर्क राशि में रहेगा. इसलिए मंगल-राहु से बनने वाला षडाष्टक योग 7 जून तक प्रभावी रहेगा. ज्योतिष में मंगल और राहु से बनने वाला षडाष्टक योग बेहद खतरनाक माना जाता है. कहा गया है कि यह न केवल कुछ राशियों के लोगों के लिए खतरनाक है, बल्कि देश और दुनिया पर भी इसका विनाशकारी प्रभाव पड़ सकता है. ज्योतिषियों ने यह भी कहा कि इसके परिणाम दिखने भी शुरू हो गए हैं. 

दुनिया पर युद्ध, संकट का तूफान और वैश्विक रोगों का खतरा

सौरमंडल में ग्रहों की स्थिति देश और दुनिया की राजनीति, शांति व्यवस्था, आपदाओं आदि को भी प्रभावित करती है. वर्तमान में निर्मित षडाष्टक योग देश-दुनिया में तूफान, बाढ़, भूकंप, अग्निकांड आदि आपदाएं और घटनाएं उत्पन्न कर सकता है. इससे जान-माल की हानि हो सकती है. इसके अलावा, इससे युद्ध भी भड़क सकता है. हालांकि पहलगाम हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच शुरू हुआ संघर्ष फिलहाल समाप्त हो गया है, लेकिन संभावना है कि 7 जून से पहले यह फिर भड़क जाएगा.
 
कौन सी राशियां प्रभावित होंगी?

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार राहु-मंगल षडाष्टक योग का सिंह, धनु और मीन राशि पर बुरा असर पड़ सकता है. इससे इनके जीवन में कई चुनौतियां आ सकती हैं, इसलिए इन लोगों को 7 जून तक सतर्क रहना चाहिए. इस राशि के लोगों को अपने व्यवहार और अन्य मामलों में सावधानी बरतनी चाहिए ताकि उन्हें इस षडाष्टक योग से और अधिक कष्ट न उठाना पड़े. 

(Disclaimer: हमारा लेख केवल जानकारी प्रदान करने के लिए है. ये जानकारी सामान्य रीतियों और मान्यताओं पर आधारित है.) 

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