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Operation Sindoor के बाद रक्षा मंत्री ने कहा 'जिन्ह मोहि मारा ते मैं मारा...', जानें क्या है रामायण की यह घटना

India Pakistan War: भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत सैन्य कार्रवाई कर पाकिस्तान में मौजूद 9 आतंकी ठिकानों को नष्ट किया. इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह हनुमानजी की नीति का उदाहरण देते हुए ऑपरेशन सिंदूर के बारे में बताया.

Operation Sindoor के बाद रक्षा मंत्री ने कहा 'जिन्ह मोहि मारा ते मैं मारा...', जानें क्या है रामायण की यह घटना

Operation Sindoor

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Operation Sindoor: भारत पाकिस्तान के बीच पिछले दो दिनों से तनातनी का माहौल है. भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च किया जिसके बाद से पाकिस्तान बौखलाया (India Pakistan War) हुआ है. ऑपरेशन सिंदूर के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस ऑपरेशन सिंदूर को हनुमान जी का आदर्श बताया है. उन्होंने कहा "जिन्ह मोहि मारा ते मैं मारे". इस घटना का वर्णन सुंदरकांड और रामचरितमानस में मिलता है. चलिए जानते हैं कि, रामायण की यह घटना क्या है?

राजनाथ सिंह ने सैन्य सोच को बताया हनुमान जी की नीति

सुंदरकांड की चौपाई का एक भाग "जिन्ह मोहि मारा, ते मैं मारे..." का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि, हमने केवल उन्हीं को मारा, जिन्होंने हमारे मासूमों को मारा. भारत किसी भी प्रकार का युद्ध हीं चाहता है. भारत आतंकवादियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस पॉलिसी अपनाता है. भारत सेना ने किसी भी पाकिस्तानी नागरिक या सैन्य प्रतिष्ठान को नहीं छुआ है केवल जैश, लश्कर और हिजबुल के आतंकी ठिकानों को ही अपना निशाना बनाया.


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क्या है रामायण की यह घटना?

रामचरितमानस से "जिन्ह मोहि मारा ते मैं मारे। तेहि पर बांधेउ तनय तुम्हारे।।, मोहि न कछु बांधे कई लाजा। कीन्ह चहउ निज प्रभु कर काजा" श्लोक का वर्णन कर राजनाथ सिंह ने ऑपरेशन सिंदूर का कनेक्शन बताया. लेकिन क्या आप जानते हैं कि रामायण की यह घटना क्या है. यह घटना उस समय की है जब हनुमान जी माता सीता का पता लगाने के लिए समुद्र लांघकर लंका गए थे. उन्होंने अशोक वाटिका में माता सीता से मुलाकात की और फल खाने के बहाने सबकुछ तहस-नहस कर दिया था.

इस दौरान हनुमान जी ने रावण के पुत्र अक्षय कुमार और कई राक्षसों को मार दिया था. इसके बाद हनुमान जी को पकड़कर रावण के दरबार में पेश किया जाता है. तब उस समय हनुमान जी ने सच्चाई से इस चौपाई के साथ जबाव दिया था. उन्होंने कहा, मैंने केवल उनका वध किया, जिन्होंने मुझ पर आक्रमण किया. मैंने किसी निर्दोष को नहीं मारा है. राजनाथ सिंह ने बताया कि, ऑपरेशन सिंदूर हनुमान जी की इसी नीति के समान है.

(Disclaimer: हमारा लेख केवल जानकारी प्रदान करने के लिए है, जो लोक कथाओं और मान्यताओं पर आधारित है. डीएनए हिंदी इसकी पुष्टी नहीं करता है)

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