धर्म
त्रयोदशी तिथि को मंगलवार पड़ रहा है. इस दिन साधक व्रत रख सकते हैं. स्कंद पुराण के अनुसार, इस दिन भगवान हनुमान का जन्म हुआ था. बजरंग बली को प्रसन्न करने के लिए कुछ उपाय अपनाकर भक्त उनकी कृपा का पात्र बन सकते हैं.
भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि पर मंगलवार का दिन और आडल योग का संयोग बन रहा है. इस दिन सूर्य सिंह राशि में रहेंगे और चंद्रमा धनु राशि में रहेंगे. इसका प्रभाव सभी राशियों पर पड़ेगा. यह कुछ राशियों के लिए बेहद शुभ तो कुछ के लिए अशुभ साबित हो सकता है, लेकिन इस दिन बजरंगबली की पूजा अर्चना करने से बजरंगबली प्रसन्न हो जाएंगे.
हिंदू पंचांग के अनुसार, इस दिन अभिजीत मुहूर्त सुबह के 11 बजकर 55 मिनट से शुरू होकर दोपहर के 12 बजकर 46 मिनट तक रहेगा. वहीं राहुकाल का समय दोपहर के 3 बजकर 31 मिनट से शुरू होकर दोपहर के 5 बजकर 6 मिनट तक रहेगा. इसमें विडाल योग, ज्योतिष में एक अशुभ योग माना जाता है, जो कि किसी भी जातक की कुंडली में समस्याएं, मानसिक अशांति, रोग और अचानक कठिनाइयां पैदा कर सकता है. यह तब बनता है, जब चंद्रमा कुछ विशिष्ट अशुभ नक्षत्रों में और खास दिनों (जैसे मंगलवार या शनिवार) पर स्थित होता है. इस योग में सगाई, विवाह, गृह प्रवेश जैसे शुभ कार्य नहीं करने चाहिए, क्योंकि कार्य सफल नहीं होते या उनमें देरी होती है और शारीरिक तथा मानसिक कष्ट भी हो सकता है.
इसी के साथ ही त्रयोदशी तिथि को मंगलवार पड़ रहा है. इस दिन साधक व्रत रख सकते हैं. स्कंद पुराण के अनुसार, इस दिन भगवान हनुमान का जन्म हुआ था. बजरंग बली को प्रसन्न करने के लिए कुछ उपाय अपनाकर भक्त उनकी कृपा का पात्र बन सकते हैं. इस दिन विधि-विधान से पूजा करने के लिए आप सुबह ब्रह्म मुहूर्त में उठकर नित्य कर्म-स्नान आदि करने के बाद पूजा स्थल को साफ करें, फिर एक चौकी पर लाल कपड़ा बिछाएं और पूजा की सामग्री रखें और उस पर अंजनी पुत्र की प्रतिमा स्थापित करें.
इसके बाद, हनुमान चालीसा या सुंदरकांड का पाठ कर सिंदूर, चमेली का तेल, लाल फूल और प्रसाद चढ़ाएं और बजरंग बली की आरती करें. इसके बाद आरती का आचमन कर आसन को प्रणाम कर प्रसाद ग्रहण करें. साथ ही इस दिन शाम को भी हनुमान चालीसा या सुंदरकांड का पाठ करना चाहिए. व्रत में केवल एक बार भोजन करें और नमक का सेवन न करें। मंगलवार के दिन हनुमान जी की पूजा करने से शक्ति और साहस में वृद्धि होती है. साथ ही जीवन में सुख-समृद्धि आती है. मान्यता है कि नियमपूर्वक बजरंगबली की पूजा करने से वे जल्दी प्रसन्न होते हैं और भक्तों की मनोकामनाएं पूरी करते हैं.
Disclaimer: यह खबर सामान्य जानकारी और धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है. डीएनए हिंदी इसकी पुष्टि नहीं करता है.
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