धर्म
गुरु पुष्य योग एक दुर्लभ और बहुत ही शुभ संयोग है, जो गुरुवार के दिन पुष्य नक्षत्र के पड़ने पर बनता है. यह एक गोचर योग है. इसमें खरीदारी करने से गृह प्रवेश करना बेहद शुभ होता है.
Guru Pushya Yog 2025: कुंडली में गुरु पुष्य योग का बड़ा महत्व है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि गुरु पुष्य योग कब और कैसे बनता है. ज्योतिष के अनुसार, गुरु पुष्य योग एक दुर्लभ और बहुत ही शुभ संयोग है, जो गुरुवार के दिन पुष्य नक्षत्र के पड़ने पर बनता है. यह एक गोचर योग है. यह हर किसी व्यक्ति के लिए लाभकारी होता है. इस दौरान किए गए शुभ कार्य स्थायी और फलदायक होते हैं. इस योग में किए गए उपायों से जीवन में खुशहाली बनी रहती है. इसके अलावा परेशानियों से छुटकारा मिलता है.
ज्योतिष के अनुसार, गुरु पुष्य योग गुरुवार के दिन ही बनता है. इसकी वजह इसका संबंध देव गुरु बृहस्पति से होना है. इसमें 27 नक्षत्रों में से एक पुष्य नक्षत्र आठवां है. इसे नक्षत्रों का राजा कहा जाता है. यह बहुत ही शुभ, पुष्टिदायक और कल्याणकारी माना गया है, जब भी गुरुवार और पुष्य नक्षत्र एक साथ आते हैं, तो गुरु पुष्य योग का निर्माण होता है. इसे गुरुपुष्यामृत योग भी कहा जाता है.
गुरु पुष्य योग किसी व्यक्ति विशेष की कुंडली में नहीं बनता है. यह गोचर का योग है. यह आकश में ग्रह और नक्षत्रों की विशेष स्थिति की वजह से बनता है. इसे एक निश्चित समय के लिए सभी के लिए प्रभावी होता है. गुरुवार का दिन बृहस्पति ग्रह से संबंधित है, जो ज्ञान, धन, धर्म, भाग्य और विस्तार का कारक माना गया है. पुष्य नक्षत्र के देवता बृहस्पति और स्वामी शनि देव हैं. इसलिए, पुष्य नक्षत्र शनि प्रधान होता है, लेकिन इसकी प्रकृति गुरु जैसी होती है. शनि स्थिरता, अनुशासन और स्थायित्व का कारक हैं.
गुरु पुष्य योग में किए गए कार्य या खरीदी गई चीजें अक्षय फल की प्राप्ति कराते हैं. उनका प्रभाव लंबे समय तक रहता है. इसका बेहद शुभ प्रभाव होता है, जो व्यक्ति की सुख समृद्धि को बढ़ाता है. इस दिन सोना, चांदी, गहने, वाहन, घर, जमीन आदि खरीदना बेहद शुभ होता है. व्यापार शुरू करना, विद्या आरंभ करना, नए सौदे करना या गृह प्रवेश करने से मां लक्ष्मी का आशीर्वाद प्राप्त होता है. यह योग जीवन में शांति, समृद्धि और खुशियां लाता है. विशेष रूप से यह गुरु और शनि से संबंधित दोषों को कम करने में सहायक होता है.
Disclaimer: हमारा लेख केवल जानकारी प्रदान करने के लिए है. ये जानकारी सामान्य रीतियों और मान्यताओं पर आधारित है.)
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