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Anxiety Attack Symptoms: कई ऐसे लोग भी हैं, जिन्हें समझ ही नहीं आता है उनके साथ क्या हो रहा है. ऐसे में इसके लक्षणों के बारे में जान लेना बेहद जरूरी है. बता दें कि एंग्जाइटी अटैक आना ज्यादा घबराने वाली स्थिति नहीं है. इस स्थिति में सबसे ज्यादा जरूरी है इसके कारणों के बारे में जानना...
Anxiety Attack Symptoms: इन दिनों लोगों में एंग्जाइटी की समस्या तेजी से बढ़ रही है. यह समस्या ज्यादातर लोगों में बढ़ते तनाव, गुस्सा और कई बार अपनी फीलिंग एक्सप्रेस न कर पाने से होती है. इसके कई और कारण भी हो सकते हैं. हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, एंग्जाइटी की स्थिति बेचैन करने वाली होती है. ऐसे में कई बार लोग एंग्जाइटी को लोग हार्ट अटैक का लक्षण मान लेते हैं.
इसके अलावा कई ऐसे लोग भी हैं, जिन्हें समझ ही नहीं आता है उनके साथ क्या हो रहा है. ऐसे में इसके लक्षणों के बारे में जान लेना बेहद जरूरी है. बता दें कि एंग्जाइटी अटैक आना ज्यादा घबराने वाली स्थिति नहीं है. इस स्थिति में सबसे ज्यादा जरूरी है इसके कारणों के बारे में जानना...
एंग्जाइटी होने के कई कारण हो सकते हैं. आमतौर पर ज्यादातर लोगों में देखा गया है कि तनाव, कुछ न कह पाने, अपनी फीलिंग खुलकर एक्सप्रेस न कर पाने, ज्यादा सोचना, काम का बोझ या फिर बढ़ती जिम्मेदारियां के कारण एंग्जाइटी की चपेट में आ जाते हैं. ऐसे में एंग्जाइटी से बचना है तो इसके कारण पता लगाएं. फिर तुरंत बाद उस स्थिति को इग्नोर करने की जरूरत है, इससे आप एंग्जाइटी से बच सकते हैं.
एंग्जाइटी के कारण
आमतौर पर अलग-अलग लोगों को एंग्जाइटी होने के अलग-अलग कारण होते हैं. इसके पीछे कई बार आप अपनी बात नहीं कह पाते हैं और अंदर ही अंदर घुटन महसूस करना, फैमिली टेंशन, किसी रिश्ते में परेशानी, काम की टेंशन या कोई दूसरी वजह जिससे आपका स्ट्रेस बढ़ता है. एंग्जाइटी का कारण हो सकता है.
इसके अलावा कई बार लोग किसी बीमारी से परेशान रहते हैं और उसके इलाज को लेकर चिंतित रहते हैं. साथ ही कई बार कई दर्दनाक घटना या सदमा आपको एंग्जाइटी की ओर ले जा सकता है. इस स्थिति में धीरे-धीरे एंग्जायटी डिसऑर्डर होने का खतरा बढ़ जाता है.
एंग्जाइटी कम करने का सबसे अच्छा तरीका है कि किसी से अपने दिल की बात शेयर करें. इसके अलावा खुल कर बात करें और मन में चीजों को रखकर न बैठें. इस स्थिति में किसी मनोचिकित्सा और कॉग्निटिव बिहेवियरल थेरेपी के जरिए एंग्जायटी डिसऑर्डर का इलाज करवा सकते हैं. इससे आप जल्दी खुद को अच्छा महसूस कर पाएंगे.
(Disclaimer: हमारा लेख केवल जानकारी प्रदान करने के लिए है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें.)
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