लाइफस्टाइल
ऋतु सिंह | Jul 07, 2025, 08:08 AM IST
1.श्रावण के दौरान खट्टा या भारी भोजन नहीं करना चाहिए

शिव पुराण और अन्य शास्त्रों में बताया गया है कि इस महीने में शरीर को शुद्ध और स्वच्छ रखना चाहिए, इस प्रकार व्रत, उपवास और पूजा के माध्यम से शिव का आशीर्वाद प्राप्त किया जा सकता है. फिर भी, ऐसा माना जाता है कि श्रावण के दौरान खट्टा या भारी भोजन खाने से मानसिक और आध्यात्मिक शुद्धता में बाधा आती है. दही में अम्लता होती है, जो अम्लीय गुणों को बढ़ाती है. इसलिए, यह कहा जाता है कि दही नहीं खाना चाहिए.
2.क्या कहता है आयुर्वेद

मानसून के मौसम में वात संबंधी समस्याएं अधिक होती हैं और इससे पाचन तंत्र कमजोर होता है. श्रावण के दौरान वातावरण में नमी अधिक होने के कारण शरीर में पाचन शक्ति धीमी हो जाती है. इससे भोजन पचाने में दिक्कत होती है.
3.दही प्राकृतिक रूप से भारी होती है

सावन में दही ही नहीं, छाछ, लस्सी और कढ़ी तक खाने से माना किया जाता है. दही प्राकृतिक गर्म और भारी होती है और इससे एसिडीटी, अपच, गैस, सूजन, सर्दी और खांसी जैसी समस्याएं हो सकती हैं. इस दौरान दही और बेसन से बने सूप पीना हानिकारक माना जाता है. यह वात की समस्या को और बढ़ाता है, जिससे जोड़ों में दर्द, सुस्ती और त्वचा संबंधी समस्याएं होती हैं.
4.सावन में दही खाने के नुकसान

वैज्ञानिक दृष्टि से देखा जाए तो सावन के महीने में ही बरसात होती है और इस मौसम में बैक्टीरिया और वायरस की संख्या बढ़ जाती है. ऐसे समय में दूध और दही जैसे उत्पाद जल्दी खराब हो सकते हैं. इनमें हानिकारक सूक्ष्मजीव पनप सकते हैं. अधिक नमी और कम तापमान के कारण दही जल्दी खराब हो जाता है.
5. फूड पॉइजनिंग का हो सकता है खतरा

दही खाने से फूड पॉइजनिंग या पेट से जुड़ी बीमारियां हो सकती हैं. ये पाचन तंत्र को और भी प्रभावित करती हैं, खासकर उन लोगों को जिनका पाचन तंत्र कमज़ोर है. इसलिए, विशेषज्ञ सुझाव देते हैं कि श्रावण के महीने में दही खाने से बचना न केवल धार्मिक दृष्टि से, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बहुत फ़ायदेमंद है.
6.सावन में इन चीजों को खाने से मना किया जाता है

जैसे कि लहसुन-प्याज, अंडा, मांस, एल्कोहल. वहीं सावन के सोमवार व्रत में भी समुद्री नमक, अनाज, गंध वाली सब्जियां जैसे लहसुन, प्याज के साथ मूली को भी खाने से मना किया जाता है. इसके साथ ही व्रत में दही और कच्चा दूध पीना भी मना होता है.
(Disclaimer: यह खबर सामान्य जानकारी पर आधारित है. इस पर अमल करने से पहले विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लें.)
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