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Updated: Jun 08, 2024, 01:07 PM IST

MaidaanCancer से जूझते हुए भारत को Gold Medal दिलवाने वाले Football Coach Syed Abdul Rahim की कहानी

Real Story Of Maidaan: हमारे देश के इतिहास में ऐसे कई लोग रहे हैं, जिन्होंने हमें दुनिया की नजरों में जगह दी. हमें एक ऐसे मुकाम पर पहुंचाया, जिसकी उम्मीद किसी ने कभी की ही नहीं. ऐसे ही एक शख़्स थे भारतीय फुटबॉल टीम (Football Coach) के कोच और मैनेजर सैयद अब्दुल रहीम (Syed Abdul Rahim)। भारतीय फुटबॉल (Indian Football) को बुलंदियों तक पहुँचाने का श्रेय उन्हें ही जाता है। सैयद अब्दुल रहीम का जन्म 17 अगस्त 1909 में हैदराबाद में हुआ था। उन्होंने अपना करियर हैदराबाद (Hydrabad) सिटी पुलिस के कोच के तौर पर शुरू किया था। इसके बाद जब उनकी टीम नैशनल लेवल पर अच्छी प्रदर्शन करने लगी तो उन्हें 1950 में इंडियन नैशनल फुटबॉल टीम का कोच बना दिया गया। उस दौर में भारतीय खिलाड़ी नंगे पैर फुटबॉल खेला करते थे। ये रहीम ही थे जिन्होंने इंडियन टीम को जूते पहन कर फुटबॉल खेलना सिखाया और दुनिया की मजबूत टीमों में खड़ा कर दिया। Watch Video For More Information

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Real Story Of Maidaan: हमारे देश के इतिहास में ऐसे कई लोग रहे हैं, जिन्होंने हमें दुनिया की नजरों में जगह दी. हमें एक ऐसे मुकाम पर पहुंचाया, जिसकी उम्मीद किसी ने कभी की ही नहीं. ऐसे ही एक शख़्स थे भारतीय फुटबॉल टीम (Football Coach) के कोच और मैनेजर सैयद अब्दुल रहीम (Syed Abdul Rahim)। भारतीय फुटबॉल (Indian Football) को बुलंदियों तक पहुँचाने का श्रेय उन्हें ही जाता है। सैयद अब्दुल रहीम का जन्म 17 अगस्त 1909 में हैदराबाद में हुआ था। उन्होंने अपना करियर हैदराबाद (Hydrabad) सिटी पुलिस के कोच के तौर पर शुरू किया था। इसके बाद जब उनकी टीम नैशनल लेवल पर अच्छी प्रदर्शन करने लगी तो उन्हें 1950 में इंडियन नैशनल फुटबॉल टीम का कोच बना दिया गया। उस दौर में भारतीय खिलाड़ी नंगे पैर फुटबॉल खेला करते थे। ये रहीम ही थे जिन्होंने इंडियन टीम को जूते पहन कर फुटबॉल खेलना सिखाया और दुनिया की मजबूत टीमों में खड़ा कर दिया। Watch Video For More Information

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