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UP Police ने खरगोश ढूंढने के लिए सात दिन तक चलाया सर्च ऑपरेशन, याद आ गई आजम खान की भैंस

UP Police Searched Rabit: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद की पुलिस ने सात दिन तक खरगोश ढूंढा और आखिरकार उसे कामयाबी मिली और खरगोश मिल गया.

UP Police ने खरगोश ढूंढने के लिए सात दिन तक चलाया सर्च ऑपरेशन, याद आ गई आजम खान की भैंस

खरगोश ने सात दिन में दो बच्चों को जन्म भी दे दिया

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डीएनए हिंदी: उत्तर प्रदेश में जब समाजवादी पार्टी की सरकार हुआ करती थी जब मंत्री रहे आजम खान की भैंस ढूंढने का किस्सा खूब चर्चा में आया था. अब ऐसा ही एक और मामला सामने आया है. गाजियाबाद में गायब हुए एक खरगोश को खोज निकालने के लिए यूपी पुलिस ने तीन टीमें बनाईं. इन टीमों ने बाकायदा सात दिन तक सर्च ऑपरेशन चलाया और आखिर में खरगोश को ढूंढ ही निकाला.

गाजियाबाद के कविनगर थाना क्षेत्र में आने वाले लालकुआं इलाके में रहने वाली देवांती उर्फ विजेता कई सालों से खरगोश पालती हैं. उनका खरगोश गायब हो गया था. 25 मई को उन्होंने साहिबाबाद पुलिस को खरगोश चोरी होने की शिकायत दी. कई दिनों तक जब खरगोश नहीं मिला तो विजेता ने थाने में हंगामा कर दिया. आखिरकार पुलिस ने फुर्ती दिखाई और खरगोश ढूंढ निकाला.

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मई में गायब हो गया था खरगोश
विजेता ने बताया कि उन्होंने सिटी फॉरेस्ट में केयर टेकर संजय को एक खरगोश दिया था. 17 अप्रैल को उन्होंने देखा कि खरगोश संजय के पास है. इसके बाद वह चली गईं और मई में लौटीं. मई में जब उन्होंने संजय से खरगोश मांगा तो संजय ने कहा कि खरगोश गायब हो चुका है. विजेता ने कहा कि वह खरगोश को अपने बच्चे की तरह पालती हैं.

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विजेता ने संजय और सिटी फॉरेस्ट के अन्य स्टाफ पर खरगोश चोरी होने का शक जाहिर किया. 25 मई को विजेता ने पुलिस के पास शिकायत दर्ज करा दीय पुलिस ने तीन दिन तक सिटी फॉरेस्ट के कोने-कोने में खोजबीन भी की लेकिन कामयाबी नहीं मली. इसके बाद सात दिन सर्च ऑपरेशन चलता रहा.

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सात दिन में खरगोश ने दो बच्चों को दिया जन्म
आखिरकार सोमवार यानी 6 जून रात करीब 1:30 बजे पुलिस को खरगोश मिल गया. विजेता ने अपने खरगोश की पहचान की है. खरगोश मिलने के बाद विजेता खुश हो गईं क्योंकि खरगोश ने इन सात दिनों में दो बच्चों को जन्म भी दे दिया. साहिबाबाद के थाना प्रभारी नागेंद्र चौबे ने बताया कि महिला को खरगोश और उसके दोनों बच्चे सौंप दिए गए हैं. 

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