Advertisement

वाराणसी में गंगा का दिखा रौद्र रूप, हजारों मंदिर जलमग्न, 28 हजार लोग शिफ्ट किए गए

वाराणसी में गंगा और इसकी सहायक नदियों का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है. गंगा अब घाटों को पार कर शहर में पहुंच चुकी है. शहर के कई स्कूलों को बंद कर दिया गया है. पढ़ें हमारे रिपोर्टर अमित प्रकाश की रिपोर्ट...

वाराणसी में गंगा का दिखा रौद्र रूप, हजारों मंदिर जलमग्न, 28 हजार लोग शिफ्ट किए गए

वाराणसी का बाढ़

Add DNA as a Preferred Source

डीएनए हिन्दी: उत्तर प्रदेश में गंगा-यमुना के उफान ने कहर मचा दिया है. वाराणसी का हाल भी बेहाल है. वरुणा और गंगा नदी के बाढ़ से करीब 2 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं. सेंट्रल वाटर कमिशन की रिपोर्ट के मुताबिक, वाराणसी में मंगलवार की रात गंगा का जलस्तर 72.14 मीटर दर्ज किया गया. यह खतरे के निशान से 88 सेंटीमीटर ऊपर है.

गंगा किनारे वाले करीब 10 हजार से ज्यादा दुकानदार, नाव वाले और घाटों पर बैठने वाले पंडे सब बेरोजगार हो गए हैं. अब वाराणसी में गंगा का कोई किनारा नहीं बचा जहां लोग सुकून से बैठा जाए. हर ओर पानी ही पानी है. 

वाराणसी के सभी 84 घाट और वहां मौजूद हेरिटेज भवन सब कुछ अब गंगा में समा चुके हैं. अब गंगा अब कई जगहों पर घाटों को पार कर शहर में आ गई हैं. खतरे को बढ़ता देखकर श्रद्धालुओं को स्नान से रोका जा रहा है. सामने घाट मुहल्ले में लोगों के घरों तक गंगा जी पहुंच चुकी हैं.

यह भी पढ़ें, प्रयागराज में गंगा, यमुना का दिखने लगा रौद्र रूप, हजारों घरों में घुसा पानी

सामनेघाट से बढ़ते हुए गंगा जी महेशनगर कॉलोनी तक आ गई हैं. ट्रॉमा सेंटर से रामनगर जाने वाली सड़क पर भी बैरिकेडिंग कर दी गई है. गाड़ियों की आवाजाही पर बैन लगा दिया गया है. 

यह भी पढ़ें, Bihar Flood: बिहार और नेपाल में भारी बारिश, बाढ़ का खतरा बढ़ा, 5 की मौत

वाराणसी में गंगा, वरुणा और अस्सी नदी तक में उफान है. बाढ़ की वजह से कई स्कूलों को बंद कर दिया गया है. बाढ़ प्रभावित स्कूलों में ऑनलाइन पढ़ाई शुरू हो गई है. अस्सी-नगवां मार्ग पूरी तरह से बंद है. सामनेघाट मारुतिनगर सड़क पर कमर से ऊपर पानी पहुंच चुका है.

देश-दुनिया की ताज़ा खबरों Latest News पर अलग नज़रिया, अब हिंदी में Hindi News पढ़ने के लिए फ़ॉलो करें डीएनए हिंदी को गूगलफ़ेसबुकट्विटर और इंस्टाग्राम पर.

Read More
Advertisement
Advertisement
Advertisement