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देश में नए किस्‍म के जीव की खोज, China में सबसे पहले दिखा था यह दुर्लभ वानर

व्हाइट चीक्ड मैकाक एक नई प्रजाति है. साल 2015 में इसे सबसे पहले चीन में देखा गया था.

देश में नए किस्‍म के जीव की खोज, China में सबसे पहले दिखा था यह दुर्लभ वानर
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डीएनए हिंदी: जूलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया (Zoological Survey of India) के वैज्ञानिकों ने अरुणाचल प्रदेश में आदि वानर की एक नई प्रजाति व्हाइट चीक्ड मैकाक (White Cheeked Mqcaque)  की खोज की है.

अब तक उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, व्हाइट चीक्ड मैकाक एक नई प्रजाति है. साल 2015 में इसे सबसे पहले चीन में देखा गया था. यहां दक्षिण पूर्वी तिब्बत के मोदोग में डॉ ली चेंग और उनके समूह ने इसकी खोज की थी. इससे पहले भारत में इसके अस्तित्व का पता नहीं था. वहीं अब मध्य अरुणाचल प्रदेश के सुदूर अंजॉ जिले में इसकी उपस्थिति की खोज की गई है. 

इधर इसके बारे में बात करते हुए ZSI के वैज्ञानिक डॉ मुकेश ठाकुर ने कहा कि यह खोज पूरी तरह से आकस्मिक थी. उन्होंने बताया, 'हम व्हाइट चीक्ड मैकाक की तलाश में नहीं थे बल्कि हमें हिमालय की प्रजातियों का अध्ययन करने के लिए एक परियोजना के तहत 10 करोड़ रुपये का अनुदान मिला था. इसमें हिमालय की जैव विविधता की खोज करना और क्षेत्र में बड़ी खतरे वाली प्रजातियों का अध्ययन करना शामिल था.' 

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ठाकुर ने कहा कि वे पूर्वी हिमालय में लाल पांडा और अरुणाचल मैकाक पर नजर रख रहे थे. उन्होंने बताया, 'मेरे एक छात्र अविजीत घोष, अरुणाचल मैकाक पर नजर रख रहे थे. इसी क्रम में उन्होंने मैकाक के मल और त्वचा के नमूनों को इकट्ठा किया था. हमें लगा था कि यह सैंपल अरुणाचल मैकाक के होंगे लेकिन जब हमने ZSI लैब में इसका डीएनए अनुक्रमण किया तो पता चला कि सैंपल व्हाइट चीक्ड मैकाक के हैं.'

उन्होंने बताया कि हम परिणामों से बेहद हैरान थे. इतना ही नहीं, हमारी टीम ने सैंपल्स की दूसरी बार डीएनए सीक्वेंसिंग भी की. ठाकुर ने इसे एक सफल खोज बताया है. उन्होंने कहा कि आजकल नई स्तनपायी प्रजातियों की खोज करना बहुत दुर्लभ है. ऐसे में यह खोज वन्यजीव सूची में शामिल होने वाली प्रजातियों की नींव रखेगी. इसे भारत के वन्य जीव संरक्षण अधिनियम द्वारा कवर भी किया जाएगा, पहले ऐसा नहीं किया जाता था क्योंकि हम नहीं जानते थे कि भारत में भी यह प्रजाति मौजूद है.

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