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HIV संक्रमित मरीजों को जीवन रक्षक दवाइयां दी जा रही हैं. गंभीर रूप से संक्रमित मरीजों पर अतिरिक्त ध्यान दिया जा रहा है.
डीएनए हिंदी: उत्तराखंड की हल्द्वानी जेल में एक महिला समेत 44 से ज्यादा कैदी HIV पॉजिटिव पाए गए हैं. जेल प्रशासन इतनी बड़ी संख्या में HIV संक्रमित कैदियों को देखकर हैरान है. लोग इस मामले में बात तक नहीं कर रहे हैं. संक्रमित मरीजों को जीवन रक्षक दवाइयां दी जा रही हैं.
गंभीर रूप से बीमार मरीजों का अस्पताल में इलाज चल रहा है. जेल प्रशासन इस बारे में बात तक करने के लिए तैयार नहीं है. कहां से इतनी बड़ी संख्या में कैदी पॉजिटिव हुए, यह पता नहीं चल रहा है.
जेल में हर महीने होती है रूटीन चेकअप
जिस अस्पताल में कैदियों का इलाज चल रहा है, वहां की एक डॉक्टर ने कहा है कि महीने में दो बार, अस्पताल से एक टीम रूटीन चेकअप के लिए जेल जाती है. जिन कैदियों को हल्की परेशानी होती है, उन्हें मौके पर ही दवा दी जाती है. ज्यादा गंभीर समस्या वाले लोगों का अस्पताल में इलाज किया जाता है.
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जेल के कैदियों के लिए स्पेशल ART
डॉक्टरों का कहना है कि एचआईवी संक्रमित कैदियों का समय पर इलाज हो सके इसके लिए जेल प्रशासन नियमित जांच भी करता है. एचआईवी रोगियों के लिए एक एंटीरेट्रोवायरल थेरेपी (ART) केंद्र स्थापित किया गया है.
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बातचीत के लिए तैयार नहीं अधिकारी, जेल प्रशासन हैरान
इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के मुताबिक डॉक्टर नियमित तौर पर कैदियों की जांच करते हैं. अगर कोई कैदी HIV पॉजिटिव पाया जाता है तो उसे मुफ्त ट्रीटमेंट दी जाती है. डॉक्टरों के मुताबिक HIV-AIDS कई वजहों से हो सकता है. अधिकारी अभी इस मामले में बात नहीं कर रहे हैं. जेल प्रशासन इस प्रकरण के सामने आने के बाद हैरान है.
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