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बैंड के सदस्य शेखर ज्योति गोस्वामी ने आरोप लगाया है कि सिद्धार्थ शर्मा और श्यामकानु महंत ने जुबीन गर्ग को जहर दिया था. उन्होंने दावा किया कि हत्या को दुर्घटना के रूप में छिपाने के लिए सिंगापुर के होटल का चयन किया गया था.
ज़ुबीन गर्ग की मौत की जाँच ने एक नाटकीय मोड़ ले लिया है. असम पुलिस ने गायक के मैनेजर सिद्धार्थ शर्मा और फेस्टिवल आयोजक श्यामकानु महंत पर हत्या, गैर इरादतन हत्या और आपराधिक षडयंत्र रचने का आरोप लगाया है. शर्मा और महंत को गिरफ्तार कर 14 दिन की पुलिस हिरासत में भेजे जाने के बाद यह कदम उठाया गया है. पुलिस द्वारा आगे की जाँच के लिए सबूत पेश किए जाने के बाद, गहन जाँच के बाद ये आरोप जोड़े गए. एक नए अपडेट में, ज़ुबीन गर्ग की मौत की जाँच में कई अहम खुलासे हुए हैं. CNN-News18 द्वारा प्राप्त एक रिमांड नोट के अनुसार, उनके एक बैंडमेट ने एक चौंकाने वाला बयान दिया है, जिसमें गायक की हत्या और बाद में अपराध को छिपाने की एक सुनियोजित साजिश का आरोप लगाया गया है.
मुख्य गवाह और बैंड सदस्य शेखर ज्योति गोस्वामी ने सिद्धार्थ शर्मा और श्यामकानु महंत पर गंभीर आरोप लगाए हैं और उन पर ज़ुबीन गर्ग को ज़हर देने का आरोप लगाया है. उन्होंने आगे दावा किया कि विदेशी जगह, खासकर सिंगापुर के पैन पैसिफिक होटल में हुई घटना, को चुनना, हत्या को छिपाने और इसे एक आकस्मिक मौत के रूप में दर्शाने की एक जानबूझकर की गई चाल थी.
गोस्वामी ने आरोप लगाया कि उन्होंने सिद्धार्थ शर्मा को सिंगापुर में अजीबोगरीब व्यवहार करते देखा था. उनका दावा है कि उन्होंने जबरन नौका पर कब्ज़ा कर लिया और जानबूझकर यात्रियों की जान जोखिम में डाल दी. उन्होंने आगे बताया कि ज़ुबीन की तबियत खराब होने पर—जब उसके मुँह और नाक से झाग निकल रहा था—शर्मा को कथित तौर पर यह कहते सुना गया, "जाबो दे, जाबो दे." उन्होंने बताया कि ज़ुबीन की हालत की गंभीरता को समझने के बजाय, शर्मा ने कथित तौर पर लक्षणों को सिर्फ़ "एसिड रिफ्लक्स" समझकर नज़रअंदाज़ कर दिया और तुरंत चिकित्सा सहायता नहीं ली, जिससे प्रत्यक्षदर्शियों का मानना है कि स्थिति और भी बिगड़ गई.
गवाह के अनुसार, शर्मा ने तन्मय फुकन को शराब का इंतज़ाम न करने का निर्देश दिया था और ज़ोर देकर कहा था कि वह अकेले ही शराब का इंतज़ाम करेगा. शर्मा, ज़ुबीन के बीमार पड़ने से पहले उसके लिए कथित तौर पर शराब और महिलाओं का इंतज़ाम करने के बारे में भी स्पष्ट जवाब नहीं दे पाए.
गोस्वामी ने ज़ोर देकर कहा कि ज़ुबीन एक "कुशल तैराक" था और इसलिए उसके दुर्घटनावश डूबने की संभावना नहीं थी, जिससे गड़बड़ी की आशंका और मज़बूत हो गई. शर्मा ने कथित तौर पर गोस्वामी से नौका दुर्घटना की कोई भी वीडियो रिकॉर्डिंग साझा न करने को कहा, जिससे महत्वपूर्ण सबूत छिपाने की कोशिशों की चिंता बढ़ गई.
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