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Gaurav Barar | May 20, 2026, 10:38 AM IST
1.उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी

उत्तर प्रदेश में गर्मी ने अब एक बेहद विकराल और खतरनाक रूप धारण कर लिया है. सूर्यदेव के कड़े तेवरों के बीच, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य के कई हिस्सों में भीषण हीटवेव को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है. मौसम विभाग की इस गंभीर चेतावनी के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में पूरी राज्य सरकार अलर्ट मोड पर आ गई है. प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग तक को चौबीसों घंटे विशेष सतर्कता बरतने के कड़े निर्देश दिए गए हैं.
2.इन जिलों में रहेगा रेड अलर्ट

मौसम विभाग के अनुसार, 20 और 21 मई को उत्तर प्रदेश के कई जिलों में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी और जानलेवा लू चलने की आशंका है. विशेष रूप से प्रभावित होने वाले मुख्य जिलों में बुंदेलखंड और दक्षिणी क्षेत्र के बांदा, चित्रकूट, महोबा, हमीरपुर, जालौन और झांसी शामिल हैं. इसके अलावा मध्य और पश्चिमी यूपी के प्रयागराज, फतेहपुर, आगरा, फिरोजाबाद और इटावा भी इसकी चपेट में हैं. इन जिलों में तापमान सामान्य से 3 से 4 डिग्री सेल्सियस अधिक रहने का अनुमान है.
3.तीन-चार दिनों के बाद मिलेगी थोड़ी राहत

दोपहर के समय चलने वाली गर्म हवाएं इतनी तीव्र होंगी कि वे इंसानी जीवन के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकती हैं. वर्तमान में हालात यह हैं कि सुबह 9 बजे से ही चुभती धूप और लू का अहसास होने लगता है, जिससे दोपहर में सड़कें पूरी तरह सूनी हो जाती हैं. ग्रामीण क्षेत्रों में लोग पेड़ों की छांव का सहारा ले रहे हैं. राहत की बात केवल इतनी है कि तीन-चार दिनों के बाद इस स्थिति में कुछ सुधार होने की संभावना जताई गई है.
4.योगी सरकार की मुस्तैदी और प्रशासनिक तैयारियां

हालात की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी संवेदनशील जिलों के अधिकारियों को जमीनी स्तर पर कड़ी निगरानी रखने के आदेश दिए हैं. सरकार ने निर्देश दिए हैं कि सभी सरकारी अस्पतालों में हीट स्ट्रोक के मरीजों के लिए विशेष बेड, पर्याप्त दवाएं और डॉक्टरों की चौबीसों घंटे उपलब्धता सुनिश्चित की जाए. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एंबुलेंस सेवाओं को हाई अलर्ट पर रखा गया है.
5.बिजली कटौती न्यूनतम करने के निर्देश

इसके साथ ही, नगर निकायों को निर्देश दिए गए हैं कि बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, बाजारों और भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों पर ठंडे पानी और प्याऊ की पुख्ता व्यवस्था की जाए. भीषण गर्मी में लोगों को राहत देने के लिए बिजली विभाग को भी मुस्तैद किया गया है ताकि बिजली कटौती न्यूनतम हो और जलापूर्ति बाधित न हो.
6.आम जनता, श्रमिकों और पशुपालकों के लिए विशेष एडवाइजरी

सरकार और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि जब तक कोई बहुत जरूरी काम न हो, दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच घरों से बाहर न निकलें. बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को इस मौसम में अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है. धूप में निकलते समय हमेशा सिर को ढककर रखें, हल्के सूती कपड़े पहनें और लगातार पानी या ओआरएस का घोल पीते रहें.
7.मजदूरों के लिए दोपहर में काम करने पर रोक की सलाह

डॉक्टरों के अनुसार, लापरवाही बरतने पर डिहाइड्रेशन, चक्कर आना, उल्टी, तेज सिरदर्द और बेहोशी जैसी समस्याएं हो सकती हैं, जो जानलेवा भी साबित हो सकती हैं. खेतों, निर्माण स्थलों या खुले आसमान के नीचे काम करने वाले मजदूरों के लिए दोपहर में काम करने पर रोक लगाने की सलाह दी गई है. इसके साथ ही, पशुपालकों को सलाह दी गई है कि वे अपने पशुओं को दोपहर में खुले में न बांधें, उन्हें किसी छायादार स्थान पर रखें और दिन में कई बार ताजा व ठंडा पानी पिलाएं.
8.आपातकालीन हेल्पलाइन जारी

प्रशासन ने जनता से किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न देने की अपील की है और आपातकालीन स्थिति के लिए महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं. पुलिस सहायता के लिए 100 और 112, आपातकालीन चिकित्सा सहायता के लिए 108, राहत आपदा कंट्रोल रूम के लिए 1070 और जिला आपदा कंट्रोल रूम के लिए 1077 पर संपर्क किया जा सकता है. मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि इस वर्ष मई महीने की गर्मी पिछले कई सालों के रिकॉर्ड तोड़ सकती है.