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दिल्ली का तिहाड़ जेल आजकल सुर्खियों में है. यहां रोजाना करीब 40,000 नींबू बांटे जा रहे हैं. जिसके बाद लोगों में यह उत्सुकता हो रही है कि आखिर किन कारणों से यह फैसला लिया गया है.
दिल्ली में इस समय गर्मी ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. पारा 40 डिग्री के करीब पहुंच चुका है. धूप के साथ लू चल रही है. ऐसे में राजधानी की सबसे बड़ी जेल,तिहाड़ में बंद कैदियों की सेहत पर खतरा मंडरा रहा है. गर्मी के कारण कैदियों को डिहाइड्रेशन, चक्कर आना, सिर दर्द और बीमारियों की समस्या हो रही है. जेल प्रशासन अब उनकी सेहत को लेकर अलर्ट मोड में आ गया है और गर्मी से राहत देने के लिए खास कदम उठाए जा रहे हैं.
गर्मी से कैदियों को राहत देने के लिए तिहाड़ जेल में हर दिन 40,000 नींबू बांटे जा रहे हैं. इन नींबुओं से कैदियों को नींबू पानी दिया जाएगा ताकि वे डिहाइड्रेशन का शिकार न हों. यह व्यवस्था 15 अप्रैल से 15 जुलाई तक चलेगी. बताया जा रहा है कि हर महीने करीब 60 लाख रुपये के नींबू खरीदे जा रहे हैं. जेल में इस समय करीब 20 हजार कैदी हैं, यानी हर कैदी को रोजाना दो नींबू मिलेंगे.
नींबू पानी के अलावा, जेल प्रशासन ने कुछ और उपाय भी किए हैं. जेल की खिड़कियों को सफेद पॉलिथीन से ढका गया है ताकि सीधी धूप अंदर न आए. ठंडे पानी के लिए वॉटर कूलर लगाए गए हैं. हालांकि जेल मैनुअल में कूलर या एसी की अनुमति नहीं है, इसलिए केवल पंखे और नींबू पानी से ही राहत दी जा रही है.
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पिछले वर्षों में गर्मी की वजह से जेलों में कैदियों की मौत की घटनाएं सामने आई थीं. इसी को ध्यान में रखते हुए इस बार कोई रिस्क नहीं लिया जा रहा है. तिहाड़ प्रशासन का कहना है कि उनका पहला मकसद कैदियों की सेहत की सुरक्षा है. दिल्ली की गर्मी ने जहां आम लोगों को परेशान किया है, वहीं जेल में बंद कैदियों के लिए भी यह एक बड़ी चुनौती बन गई है. तिहाड़ प्रशासन का यह कदम इस बात का संकेत है कि भीषण गर्मी में सभी वर्गों की सुरक्षा को लेकर जागरूकता जरूरी है.
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