Advertisement

कौन हैं निधि तिवारी, जिनकी चर्चा अभी तक नहीं रुक रही, PM मोदी और वाराणसी से क्या है कनेक्शन?

बेटियों को अगर उड़ने-खुलने के मौके दिए जाएं तो आसमान को भी भेद सकती हैं. ऐसा ही एक नाम है निधि तिवारी. निधि ने अपने नाम के अनुकूल यश भी कमाया है. यहां जानें निधि तिवारी की सफलता की कहानी.

Latest News
कौन हैं निधि तिवारी, जिनकी चर्चा अभी तक नहीं रुक रही, PM मोदी और वाराणसी से क्या है कनेक्शन?
Add DNA as a Preferred Source

Who is Nidhi Tiwari: बेटियों को अगर उड़ने-खुलने के मौके दिए जाएं तो आसमान को भी भेद सकती हैं. ऐसा ही एक नाम है निधि तिवारी. निधि ने अपने नाम के अनुकूल यश भी कमाया है. भारतीय विदेश सेवा (IFS) अधिकारी निधि तिवारी के नाम एक और उपलब्धि जुड़ गई है और वह है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का निजी सचिव (प्राइवेट सेक्रेटरी) होने की. 

निधि ने केवल कार्यक्षेत्र में ही उपलब्धियां हासिल नहीं कीं बल्कि शिक्षा में जगत में भी उन्होंने नाम कमाया है. निधि ने बायोलॉजी विषय में बीएससी की और पोस्ट ग्रेजुएशन बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (बीएचयू) से किया. यहीं से बायोकेमिस्ट्री की पढ़ाई की और गोल्ड मेडल हासिल की. ये 2006 की बात है. निधि की पढ़ाई पूरी होने के बाद उनका चयन भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र में वैज्ञानिक के तौर पर हुआ. हालांकि, उन्होंने 2008 में इस पद से इस्तीफा दे दिया और सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी में लग गईं.  

पढ़ाई-लिखाई में होशियार निधि तिवारी
वाराणसी के महमूरगंज से निकली निधि बचपन से ही पढ़ाई-लिखाई में तेज थीं. उन्होंने कभी ये मलाल नहीं किया कि वे छोटे शहर से आती हैं तो मन मसोस सें और मन में पूर्वाग्रहों को पाल लें कि क्योंकि वे महानगर से नहीं हैं, इसलिए उन्हें आगे बढ़ने के मौके नहीं मिलेंगे. निधि के आगे अगर बाधाएं भी होंगी तो उन्होंने उन्हें अवसरों में बदलना सीखा होगा. अपनी लगन, मेहनत से निधि ने साल 2013 में सिविल सेवा परीक्षा में 96 रैंक हासिल की थी. 

पढ़ाई भी और करियर भी

निधि ने सिविल सेवा परीक्षा पास करने से पहले वाराणसी में सहायक आयुक्त (वाणिज्य कर) के रूप में भी काम किया था. वहीं, निजी सचिव बनने से पहले पीएमओ में उप सचिव के रूप में काम किया. इस पद पर विदेश और सुरक्षा मामलों से संबंधित प्रमुख विभागों को संभाल रही थीं. इससे पहले निधि नवंबर 2022 में प्रधानमंत्री कार्यालय में अंडर सेक्रेटरी (अवर सचिव) के रूप में शामिल हुई थीं.  

एक नजर में निधि का करियर

  • साल 2014 में सिविल सेवा की परीक्षा पास कर IFS बनीं. 
  • साल 2022 में PMO अंडर सेक्रेटरी के रूप में शामिल हुईं. 
  • साल 2023 में PMO में उप सचिव के तौर पर प्रमोशन हुआ. 
  • साल 2025 में पीएम मोदी की निजी सचिव बनी हैं. 

यह भी पढ़ें - कौन हैं PM मोदी की प्राइवेट सेक्रेटरी IFS निधि तिवारी के हसबैंड? शादी के बाद जॉब करते हुए क्रैक की थी UPSC


निजी सचिव की जिम्मेदारियां क्या?

निधि ने विदेश मंत्रालय में भी काम किया है. यहां पर वे निरस्त्रीकरण (डिसआर्मामेंट) और अंतर्राष्ट्रीय सुरक्षा मामलों की टीम का हिस्सा थीं. निधि अब तक प्रधानमंत्री कार्यालय में बतौर डिप्टी सेक्रेटरी अपनी सेवाएं दे रही थीं. अब वे पीएम की निजी सचिव बन गई हैं. इसके तहत वे पीएम मोदी के रोजमर्रा के प्रशासनिक कामकाज जैसे शेड्यूल मैनेज करना, पॉलिसी और एडमिनिस्ट्रेटिव कोऑर्डिनेंस और कम्युनिकेशन आदि का काम देखेंगी. 
  
निधि आज पूरे देश का मान हैं. इससे यह साबित होता है कि अगर बेटियों के साथ रोक टोक न की जाए तो वे बहुत आगे जा  सकती हैं. देश को एक नई दिशा सकती हैं. 

अपनी राय और अपने इलाके की खबर देने के लिए हमारे गूगलफेसबुकxइंस्टाग्रामयूट्यूब और वॉट्सऐप कम्युनिटी से जुड़ें.

 

Read More
Advertisement
Advertisement
Advertisement