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Padma Awards 2025 List: साध्वी ऋतंभरा को भारत सरकार की तरफ से समाजसेवा के लिए पद्मभूषण से सम्मानित किया गया है. साध्वी ऋतंभरा का राम मंदिर आंदोलन में भी बड़ा योगदान रहा है.
Padma Awards 2025 List: साध्वी ऋतंभरा को समाजसेवा के क्षेत्र में योगदान के लिए पद्म भूषण से सम्मानित किया गया है. इस बार राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू द्वारा द्मश्री पाने वालों में उत्तर प्रदेश के 8 लोग शामिल हैं. साध्वी ऋतंभरा एक हिंदू संत और समाज सेवी है. हाल में वे वात्सल्य ग्राम नामक एक सामाजित संगठन की प्रमुख भी है. ये संगठन अनाथ और निराश्रित बच्चों के लिए काम करता है. इस संगठन द्वारा उन बच्चों की देखभाल और उन्हें शिक्षा प्रदान की जाती है.
हरिद्वार से प्राप्त की थी शिक्षा
साध्वी ऋतंभरा का राम मंदिर आंदोलन में बहुत बड़ा योगदान रहा हैं. इनका जन्म पंजाब कि लुधियाना जिले के दोराहा में हुआ था. इनके गुरू स्वामी परमानंद जी है. इन्होंने अपने गुरू से 1982 में हरिद्वार में शिक्षा प्राप्त की थी. उन्होंने समाजसेवा के क्षेत्र में कई पुरुष्कार प्राप्त किए हैं. उन्होंने अनाथ बच्चों, बेसहारा और बुजुर्ग महिलाओं के लिए परिवार की एक अनूठी अवधारणा विकसित की है. दीदी मां के नाम से मशहूर साध्वी अक्सर कहती हैं कि 'विश्वनाथ' और 'रघुनाथ' की धरती पर कोई कैसे अनाथ हो सकता है.
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राम मंदिर में बड़ा योगदान
उमा भारती के साथ साध्वी ऋतंभरा का राम मंदिर आंदोलन में उमा भारती के साथ अहम योगदान रहा था. 6 दिसंबर 1992 को जब अयोध्या में लाखों कारसेवक पहुंचे थे तो उनके बीच साध्वी ऋतंभरा और उमा भारती के भाषणों का प्रभाव था. लोग बार- बार उग्र हो गए. लाखों कारसेवक जब उग्र हो गए. लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, अशोक सिंघल जब कारसेवकों को नियंत्रित करने में विफल हो गए. उस समय उमा भारती, साध्वी ऋतंभरा और आचार्य धर्मेंद्र ने मंच से कारसेवकों को कंट्रोल किया.
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