Advertisement

Raja Raghuvanshi Murder Case: 7 दिन में कैसे सुलझाई हत्या की गुत्थी? मेघालय पुलिस ने बताई सोनम के सरेंडर की कहानी

Raja Raghuvanshi Murder Case: इंदौर के राजा रघुवंशी की हत्या के मामले में मेघालय पुलिस ने सोनम रघुवंशी को तीन अन्य आरोपियों के साथ गिरफ्तार कर लिया है. मेघालय पुलिस ने सोनम रघुवंशी के सरेंडर को लेकर भी अपडेट दिया है.

Raja Raghuvanshi Murder Case: 7 दिन में कैसे सुलझाई हत्या की गुत्थी? मेघालय पुलिस ने बताई सोनम के सरेंडर की कहानी
Add DNA as a Preferred Source

Raja Raghuvanshi Murder Case: पत्नी के साथ हनीमून मनाने मेघालय गए राजा रघुवंशी की हत्या कर गई. राजा की हत्या की सुपारी खुद उसकी पत्नी सोनम रघुवंशी ने दी थी. सोनम हत्या की साजिश के तहत राजा के साथ मेघालय में हनीमून का प्लान बनाया, कॉन्ट्रैक्ट किलर्स को मेघालय बुलाया और फिर हनीमून के तीसरे ही दिन पति की हत्या करवा दी. हत्या के बाद वो खुद गायब हो गई. शुरुआत में करीब 10 दिन तक पुलिस लापता की तलाश में जुटी रही, 2 जून को जब राजा का शव मिला तब पुलिस ने हत्या की जांच शुरू की और 7 दिन के अंदर इस हत्या की गुत्थी सुलझा ली.

मेघालय पुलिस ने हत्या के इस मामले को लेकर एक प्रेस रिलीज़ जारी की है. इसमें बताया है कि कैसे पुलिस ने आरोपियों को लोकेट किया और उन्हें गिरफ्तार करना शुरू किया. पुलिस ने बताया कि इन गिरफ्तारियों के चलते सोनम दबाव में आ गई और उसने उत्तर प्रदेश के गाज़ीपुर में नंदगांव थाने में सरेंडर कर दिया.

कहां-कहां से पकड़े गए Raja Raghuvanshi Murder Case के आरोपी?

पुलिस ने बताया कि मेघालय पुलिस ने अलग-अलग राज्यों की एजेंसियों के साथ काम किया. पुलिस ने बताया कि इस मामले में एक आरोपी को उत्तर प्रदेश के ललितपुर से और दो आरोपियों को मध्य प्रदेश के इंदौर से गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के मुताबिक, तीन आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद सोनम रघुवंशी ने उत्तर प्रदेश के गाज़ीपुर में नंदगंज पुलिस थाने में सरेंडर कर दिया. सोनम फिलहाल यूपी पुलिस की कस्टडी में है और उसे मेघालय लेकर जाने के लिए जरूरी कानूनी प्रक्रिया का पालन किया जाएगा. सोनम का बयान दर्ज किए जाने की तैयारी भी की जा रही है.

23 मई से लापता था Indore Couple

हनीमून मनाने के लिए 21 मई को मेघालय पहुंचे राजा और सोनम 23 मई को लापता हो गए थे. एक टूरिस्ट गाइड ने सोनम और राजा को तीन अनजान लोगों के साथ देखा था. 10 दिन बाद यानी 2 जून को पुलिस को एक गहरी खाई में राजा का शव मिला था. शव के पास ही पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार भी बरामद किया था. इसके बाद पुलिस ने अपनी जांच का दायरा बढ़ाया और सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों की पहचान करके उनके लोकेशंस ट्रैक किए और फिर उन्हें मध्य प्रदेश और यूपी से गिरफ्तार किया. इस जांच में मेघालय पुलिस की SIT को अलग-अलग राज्यों की इंटेलिजेंस यूनिट और पुलिस का सहयोग मिला, जिससे 7 दिन के अंदर ही पुलिस ने हत्या की गुत्थी सुलझा ली.

अपने इलाके की खबर देने के लिए जुड़ें हमारे गूगलफेसबुकxइंस्टाग्रामयूट्यूब और वॉट्सऐप कम्युनिटी से.

Read More
Advertisement
Advertisement
Advertisement