Advertisement

विधानसभा में रो पड़े Eknath Shinde, 2 बच्चों के डूबने की सुनाई दर्दनाक कहानी

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा है कि शिवसेना नेता आनंद दिघे ने उन्हें तब संभाला जब वह बेहद मुश्किल दौर से गुजर रहे थे. परिवार पर आए संकट की वजह से वह डिप्रेशन में थे.

विधानसभा में रो पड़े Eknath Shinde, 2 बच्चों के डूबने की सुनाई दर्दनाक कहानी

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे.

Add DNA as a Preferred Source

डीएनए हिंदी: महाराष्ट्र (Maharashtra) के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) विधानसभा में भाषण देते वक्त फूट-फूटकर रो पड़े. एकनाथ शिंदे की आंखे उस वक्त नम हो गईं जब उन्होंने अपने भाषण में अपने परिवार के साथ हुए एक हादसे का जिक्र किया. महाराष्ट्र के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने अपने दो बच्चों दीपेश और शुभदा को 2000 में हुए एक दुर्घटना में खो दिया था.

एकनाथ शिंदे ने पुरानी बात याद करते हुए कहा, 'जब मैं ठाणे में शिवसेना पार्षद के रूप में काम कर रहा था, मैंने अपने 2 बच्चों को खो दिया और सोचा कि सब कुछ खत्म हो गया है.'

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने कहा कि कैसे शिवसेना नेता आनंद दिघे ने इस घटना से उबरने में उनकी मदद की. उन्होंने कहा कि मैं टूट गया था लेकिन आनंद दिघे साहब ने मुझे राजनीति में बने रहने के लिए मना लिया. 

Eknath Shinde: आंखों के सामने चली गई थी शिंदे के दो बच्चों की जान, राजनीति से ले लिया था संन्यास

कैसे हुआ था एकनाथ शिंदे के बच्चों के साथ हादसा?

एकनाथ शिंदे के बच्चे महाराष्ट्र में अपने पैतृक गांव के पास एक झील में नौका विहार करने गए थे. अचानक नाव पलट गई और दोनों बच्चों की डूबने से मौत हो गई. एकनाथ शिंदे कई महीनों तक डिप्रेशन में रहे थे.

BJP ने Eknath Shinde को क्यों बनाया मुख्यमंत्री? एक तीर से साधे कई निशाने

शिवसेना नेता आनंद दिघे ने उन्हें इमोशनल सपोर्ट दिया था और फिर से मेनस्ट्रीम राजनीति में वापस लेकर आए थे. एकनाथ शिंदे उस वक्त पार्षद थे. साल 2004 में पहली बार एकनाथ शिंदे विधायक बने थे.

देश-दुनिया की ताज़ा खबरों पर अलग नज़रिया, फ़ॉलो करें डीएनए  हिंदी गूगलफ़ेसबुकट्विटर और इंस्टाग्राम पर.

Read More
Advertisement
Advertisement
Advertisement