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पंजाब के जालंधर शहर में शनिवार को एक प्लाट को लेकर हुई गोलीबारी में पुलिस ने आईएएस ऑफिसर बबीता कलेर, उनके पति के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. इसके साथ ही गन मैन सुभकरण सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है.
जालंधर के पीआईएमएस अस्पताल के पास पॉश इलाके में शनिवार सुबह आईएएस अधिकारी बबीता कलेर के निजी सुरक्षा अधिकारी (पीएसओ) द्वारा एक प्लॉट मालिक को गोली मारने के मामले में एफआईआर दर्ज की गई है. यह एफआईआर शनिवार देर रात पुलिस स्टेशन डिवीजन नंबर 7 में दर्ज की गई. एफआईआर में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी बबीता कलेर, उनके पति और आम आदमी पार्टी (आप) नेता स्टीफन कलेर और पंजाब सरकार द्वारा मुहैया कराए गए पीएसओ सुखकरण सिंह का नाम शामिल है. पुलिस ने सभी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है.
पुलिस ने सुखकरण सिंह को गिरफ्तार कर लिया है और घटना में इस्तेमाल हथियार को अपने कब्जे में ले लिया है. सुखकरण सिंह को निलंबित करने के लिए पुलिस विभाग को सिफारिश भी भेज दी गई है. पुलिस जल्द ही उसे कोर्ट में पेश कर पूछताछ के लिए रिमांड मांगेगी. मामला भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 (हत्या का प्रयास), 115 (2) (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना), और 61 (2) (आपराधिक साजिश) और शस्त्र अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज किया गया है.
सूत्रों ने बताया कि पुलिस बबीता और स्टीफन कलर को नोटिस जारी कर जांच में शामिल होने के लिए कह रही है. सहायक पुलिस उपायुक्त हरिंदर सिंह गिल ने कहा कि वे पूछताछ के दौरान यह पता लगाएंगे कि गोलीबारी क्यों हुई, क्या यह जरूरी था या यह काम दबाव में किया गया. दरअसल, आईएएस अधिकारी बबीता कलेर और उनके पति स्टीफन कलेर, जो बारादरी इलाके में रहते हैं, उनका कथित तौर पर बगल के प्लॉट के मालिकों के साथ मिट्टी डालने को लेकर विवाद हुआ था. बातों ही बातों में विवाद के दौरान बबीता कलेर के पीएसओ सुखकरन सिंह ने प्लॉट मालिक के भाई को गोली मार दी. गोली सरकारी बंदूक से चलाई गई थी.
आप नेता स्टीफन कलेर ने बताया कि मिट्टी डालने आए लोगों को प्लॉट मालिक से बात करने के लिए कहा गया था. उन्होंने कहा कि उन्होंने बातचीत की और फिर घर के अंदर चले गए. हालांकि, इस दौरान मिट्टी डालने आए लोगों ने कथित तौर पर पीएसओ से बहस शुरू कर दी और अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया. उन्होंने कथित तौर पर उस पर हमला करने की भी कोशिश की, जिसके बाद पीएसओ ने आत्मरक्षा में गोली चलाई.
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