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हिमंत बिस्व सरमा बोले, केजरीवाल की 'वीरता' सिर्फ असेंबली में, बाहर आकर बोलें फिर बताऊंगा

Himanta Vs Kejriwal: दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल और असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है.

हिमंत बिस्व सरमा बोले, केजरीवाल की 'वीरता' सिर्फ असेंबली में, बाहर आकर बोलें फिर बताऊंगा

Himanta Biswa Sarma vs Arvind Kejriwal

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डीएनए हिंदी: बीते कुछ दिनों से दिल्ली के सीएम और आम आदमी पार्टी (AAP) के मुखिया अरविंद केजरीवाल जमकर बयानबाजी कर रहे हैं. इसके लिए वह विधानसभा के पटल का इस्तेमाल कर रहे हैं. इस तरह से विशेषाधिकार के इस्तेमाल पर अब असम के सीएम हिमंत बिस्व सरमा ने टिप्पणी की है. हिमंत बिस्व सरमा ने कहा है कि केजरीवाल की यह 'वीरता' सिर्फ विधानसभा के अंदर ही है. उन्होंने अरविंद केजरीवाल को चुनौती भी दी कि बाहर आकर इसी तरह की बात करें फिर उन्हें कोर्ट में देखा जाएगा.

हाल ही में अरविंद केजरीवाल असम पहुंचे थे. उन्होंने कहा कि अगर असम में आम आदमी पार्टी की सरकार बनी तो दिल्ली की तरह ही फ्री बिजली और पानी दिया जाएगा. केजरीवाल के मुद्दे पर हिमंत बिस्व सरमा ने उन्हें 'डरपोक' बताते हुए कहा कि उनकी 'वीरता' विधानसभा के भीतर तक ही सीमित है. हिमंत ने कहा, 'उन्होंने दिल्ली विधानसभा में मेरे खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे लेकिन मैं उन पर कार्रवाई नहीं कर सकता क्योंकि उन्हें नियमों के तहत संरक्षण प्राप्त है. मैंने उन्हें सदन के बाहर वही आरोप दोहराने की चुनौती दी थी और फिर मैं उन्हें अदालत में देखूंगा.'

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हिमंत ने दी थी मानहानि का मुकदमा करने की धमकी
उन्होंने आगे कहा, 'यहां कुछ भी कहने की उनकी (केजरीवाल) हिम्मत नहीं हुई. उन्होंने बहुत अनाप-शनाप बोला लेकिन मेरे खिलाफ आरोपों पर कुछ नहीं कहा.' असम के मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को चेतावनी दी थी कि अगर केजरीवाल ने विधानसभा के बाहर उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगाए तो वह मानहानि का मुकदमा दायर करेंगे.

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असम में एक रैली के दौरान केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने दिल्ली में युवाओं को लगभग 12 लाख रोजगार प्रदान किए हैं. हिमंत बिस्व सरमा ने कहा, 'दिल्ली के मुख्यमंत्री कैसे शेखी बघारते हैं कि उन्होंने दिल्ली में बेरोजगार युवाओं को 12 लाख नौकरियां दी हैं जबकि दिल्ली सरकार के तहत स्वीकृत कुल पद लगभग 1.5 लाख हैं. उन्होंने कहा, 'चूंकि मां कामाख्या की भूमि पर झूठ बोलना आम तौर पर पाप माना जाता है, मैं दिल्ली के मुख्यमंत्री से ऐसा नहीं करने का अनुरोध करता हूं.'

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