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दिल्ली को प्रदूषण मुक्त बनाने और ईंधन की बचत के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक बेहतरीन कदम उठाया है.
आजकल दिल्ली की सड़कों पर गाड़ियों का बढ़ता बोझ और प्रदूषण हर नागरिक के लिए बड़ी चिंता का विषय बना हुआ है. इस समस्या से निपटने और ईंधन बचाने के लिए दिल्ली सरकार ने एक बेहद अनोखी और सकारात्मक पहल की शुरुआत की है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन संरक्षण की अपील से प्रेरणा लेते हुए, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ‘मेट्रो मंडे’ अभियान की शुरुआत की है.
इस अभियान का मुख्य मकसद सरकारी अधिकारियों और आम जनता को प्राइवेट गाड़ियों को छोड़कर पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित करना है. इस मुहिम को जमीनी स्तर पर बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री ने खुद इसकी कमान संभाली और सोमवार (18 मई 2026) सुबह एक आम नागरिक की तरह सार्वजनिक वाहनों से सफर कर सचिवालय पहुंचीं.
‘मेट्रो मंडे’ के पहले दिन मुख्यमंत्री की दिनचर्या बेहद सादगी भरी और पर्यावरण के अनुकूल रही. सोमवार सुबह मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सिविल लाइंस स्थित अपने आधिकारिक निवास मुख्यमंत्री जन सेवा सदन से पैदल चलकर उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू से मिलने उनके लोक निवास पहुंचीं.
उपराज्यपाल के साथ बैठक खत्म होने के बाद, मुख्यमंत्री अपनी वीआईपी गाड़ियों के काफिले को छोड़कर सीधे कश्मीरी गेट मेट्रो स्टेशन पहुंचीं. वहां से उन्होंने मेट्रो पकड़ी और आईटीओ मेट्रो स्टेशन तक का सफर तय किया. इसके बाद आईटीओ से दिल्ली सचिवालय स्थित अपने दफ्तर पहुंचने के लिए उन्होंने फीडर बस का इस्तेमाल किया.
इस पूरी यात्रा के दौरान दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश वर्मा और रविन्द्र इंद्राज भी उनके साथ मौजूद रहे. मुख्यमंत्री के इस कदम से प्रेरित होकर दिल्ली सरकार के अन्य मंत्रियों, विधायकों और तमाम बड़े अधिकारियों ने भी सोमवार को अपने दफ्तर पहुंचने के लिए मेट्रो और बसों का सहारा लिया.
आज “Metro Monday” है।
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) May 18, 2026
वैश्विक ईंधन परिस्थितियों को देखते हुए आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के आह्वान पर दिल्ली सरकार ने निर्णय लिया है कि प्रत्येक सोमवार सार्वजनिक परिवहन को प्राथमिकता दी जाएगी।
आज मैं मेट्रो और डीटीसी की बस से अपने कार्यालय पहुंची। दिल्ली मेट्रो का… pic.twitter.com/43BewU7607
इस सफर के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी बात साझा की. उन्होंने लिखा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ईंधन संरक्षण के आह्वान के जवाब में, हम सभी जनप्रतिनिधि देशहित में योगदान देने के लिए अपने-अपने स्तर पर प्रयास कर रहे हैं. आज मैंने मुख्यमंत्री जन सेवा सदन से लोक निवास तक पैदल यात्रा की और उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू से मुलाकात की. इस दौरान दिल्ली सरकार द्वारा चलाए जा रहे 'मेरा भारत, मेरा योगदान' अभियान पर विस्तृत चर्चा हुई."
उन्होंने आगे दिल्ली की जनता से भावुक अपील करते हुए लिखा कि जहां भी संभव हो, लोग मेट्रो, बसों और कारपूलिंग को अपनाएं. ऐसा करने से न सिर्फ देश का ईंधन बचेगा, बल्कि हमारी दिल्ली को प्रदूषण मुक्त बनाने में भी बड़ी मदद मिलेगी. मुख्यमंत्री का मेट्रो और बस से दफ्तर जाना यह साबित करता है कि दिल्ली को प्रदूषण से मुक्त और बेहतर बनाने की जिम्मेदारी हम सबकी सामूहिक भागीदारी से ही पूरी हो सकती है.