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Agnipath Scheme: सेना के अधिकारियों ने कहा कि जिस भी कैंडिडेट के खिलाफ FIR होगी होगी, उसकी भर्ती नहीं की जाएगी.
डीएनए हिंदी: Agniveer Scheme के खिलाफ बड़ी संख्या में युवा सड़कों और रेल की पटरियों पर प्रदर्शन कर रहे हैं. इस विरोध प्रदर्शन में हिंसा भी देखने को मिली है. कई राज्यों में चल रहे इस विरोध प्रदर्शन के बीच तीनों सेना के अधिकारियों ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस की. इस प्रेस वार्ता में लेफ्टिनेंट जनरल अनिल पुरी ने सख्त लहजे में यह स्पष्ट कर दिया कि अग्निपथ स्कीम वापस नहीं ली जाएगी.
उन्होंने कहा कि अनुशासन भारतीय सेना की नींव में है. सेना में आगजनी, तोड़फोड़ के लिए कोई जगह नहीं है. प्रत्येक व्यक्ति एक प्रमाण पत्र देगा कि वे विरोध या बर्बरता का हिस्सा नहीं थे. सेना में भर्ती के लिए पुलिस वेरिफिकेशन 100% है, उसके बिना कोई भी शामिल नहीं हो सकता.
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उन्होंने कहा कि जिस भी उम्मीदवार के खिलाफ FIR होगी, वो सेना का हिस्सा नहीं बन सकेगा. उम्मीदवारों को नामांकन फॉर्म के हिस्से के रूप में लिखने के लिए कहा जाएगा कि वे आगजनी का हिस्सा नहीं थे, उनका पुलिस सत्यापन किया जाएगा. लेफ्टिनेंट अनिल पूरी ने कहा कि उन्होंने इस योजना को लेकर हाल में हुई हिंसा का अनुमान नहीं लगाया था.
आइए आपको बताते हैं तीनों सेना के अधिकारियों द्वारा की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस की बड़ी बातें
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