सेहत
Delhi NCR में पिछले कई महीनों से प्रदूषण की समस्या बढ़ गई है, दिल्ली की खराब हवा लोगों में कई तरह की गंभीर बीमारियों का जोखिम बढ़ा रही है. बढ़ते प्रदूषण और स्मॉग के बीच एक नई चिंता सामने खड़ी है, वो है विटामिन डी की कमी. आइए जानें इसके बारे में...
Delhi NCR में पिछले कई महीनों से प्रदूषण की समस्या बढ़ गई है, दिल्ली की खराब हवा लोगों में कई तरह की गंभीर बीमारियों का जोखिम बढ़ा रही है. बढ़ते प्रदूषण और स्मॉग के बीच एक नई चिंता सामने खड़ी है, वो है विटामिन डी की कमी. दरअसल, कई हेल्थ एक्सपर्ट्स का मानना है कि बढ़ते प्रदूषण के कारण सूरज की रोशनी ठीक से शरीर तक नहीं पहुंच पाती है, इसकी वजह से दिल्ली NCR के लोगों में विटामिन डी की कमी बड़ी समस्या बनती जा रही है.बता दें कि हड्डियों को मजबूत रखने में विटामिन डी बड़ी भूमिका निभाता है..
कई हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि दिल्ली एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण के कारण सूरज की रोशनी ठीक से शरीर तक नहीं पहुंच पाती है, हवा में फैला प्रदूषण UVB किरणों को जमीन तक पहुंचने से रोक देता है, इस वजह से लोगों में विटामिन डी की कमी तेज हो रही है. यह विटामिन हड्डियों को मजबूत रखने, इम्युनिटी बढ़ाने और कैल्शियम व फास्फोरस के अवशोषण में मदद करता है. इसका सबसे बड़ा सोर्स सूरज की रोशनी (धूप) ही है.
यह भी पढ़ें: Sunday Reset Routine: रविवार के दिन को बनाएं ‘बॉडी रीसेट डे’, जानिए कौन से तरीके आएंगे इसमें काम
खासतौर से नवंबर से जनवरी तक सूरज की किरणें स्किन तक नहीं पहुंच पाती हैं, यही वजह है कि इस दौरान बड़ों को रोजाना 2000 IU, टीनएजर्स को 1000 IU और छोटे बच्चों को 600 से 1000 IU विटामिन डी लेने की सलाह दी जाती है. हालांकि विटामिन डी सप्लीमेंट्स की जरूरत से ज्यादा मात्रा लेना भी नुकसानदायक हो सकता है. इससे हाइपरकैल्सीमिया, बार-बार पेशाब आना, कमजोरी और किडनी-स्टोन जैसे समस्याएं हो सकती है. ऐसे में पहले हेल्थ एक्सपर्ट्स से सलाह लें और जांच कराएं.
कई रिसर्च में यह सामने आया है कि लोगों में विटामिन डी की कमी की समस्या तेजी से बढ़ रही है, शहरों में विटामिन डी की कमी गांव की तुलना में ज्यादा है. क्योंकि यहां लोग कमरे और दफ्तरों में ज्यादा देर तक रहते हैं, धूप में कम समय बिताते हैं और प्रदूषण रोशनी को स्किन तक पहुंचने नहीं देता है. पूरे देश में यह समस्या अब बड़ी स्वास्थ्य चिंता बनती जा रही है.
यह भी पढ़ें: हृदय रोग, थायराइड, हॉर्मोन और BP... कम उम्र में ही युवा क्यों हो रहे इन बीमारियों के शिकार?
नोट-अगर आपको शरीर में ये लक्षण दिखें तो हेल्थ एक्सपर्ट्स से सलाह लें और Vitamin Deficiency की जांच कराएं. इससे समय रहते खानपान और जीवनशैली में बदलाव कर इस समस्या को दूर किया जा सकता है.
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है. अधिक जानकारी के लिए डॉक्टर और एक्सपर्ट की सलाह लें.
अपनी राय और अपने इलाके की खबर देने के लिए जुड़ें हमारे गूगल, फेसबुक, x, इंस्टाग्राम, यूट्यूब और वॉट्सऐप कम्युनिटी से.