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लक्ष्मीबाई कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. प्रत्यूष वत्सला का कक्षाओं की दीवारों पर गोबर से पुताई का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ. जानें प्रोफेसर वत्सला कितनी पढ़ी-लिखी हैं और अबतक किन कॉलेजों में टीचिंग कर चुकी हैं...
दिल्ली यूनिवर्सिटी की लक्ष्मीबाई कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. प्रत्यूष वत्सला ने क्लासरूम की दीवारों पर गोबर से पुताई कर खूब सुर्खियां बटोरीं. वायरल वीडियो में वह कक्षाओं को तपती गर्मी में ठंडा रखने के लिए गाय के गोबर का लेप लगाती नजर आईं. ऐसा करने पर उन्हें काफी आलोचनाओं का भी सामना करना पड़ा. दिल्ली यूनिवर्सिटी छात्रसंघ के सदस्यों ने विरोध के तौर पर उनके ऑफिस की दीवारों पर भी गोबर से लेप कर डाला.
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हालांकि प्रिंसिपल ने किसी भी तरह के अंधविश्वास की बात को नकारते हुए इसके साइंटिफिक रिसर्च का हिस्सा बताया. उन्होंने बताया कि उनके कॉलेज में 'Study of Heat Stress Control by Using Traditional Indian Knowledge' को लेकर एक रिसर्च प्रोजेक्ट पर काम किया जा रहा है. फिलहाल यह रिसर्च अभी शुरुआती चरण में है लेकिन कुछ हफ्ते बाद इसके पूरा होने ही वह इससे जुड़ा डेटा लोगों के सामने रखेंगी.
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डॉ. प्रत्यूष वत्सला एक अनुभवी शिक्षाविद हैं जो लंबे समय से शिक्षा के क्षेत्र से जुड़ी हुई हैं. उनकी लिंक्डइन प्रोफाइल के मुताबिक उन्होंने फैजाबाद के डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध यूनिवर्सिटी से हायर स्टडीज की है. उनके कई लेख नेशनल और इंटरनेशनल मैग्जीन में प्रकाशित हो चुके हैं और उन्होंने कई किताबें भी लिखी हैं. साल 2015 से वह लक्ष्मीबाई यूनिवर्सिटी से जुड़ी हुई हैं.
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दिल्ली यूनिवर्सिटी के लक्ष्मीबाई कॉलेज से जुड़ने से पहले वह देहरादून के डीबीएस पीजी कॉलेज में इंग्लिश की असोसिएट प्रोफेसर थी. यहां उन्होंने साल 2000 से 2025 तक काम किया. उनकी लिखी किताबों में जाने अनजाने, हिंदी कविता संग्रह, मानवाधिकार और दलित आख्यान, अंग्रेजी साहित्य का नया युग साथी, समानता और सामाजिक न्याय: मुद्दे और चिंताएं, मानवाधिकार शिक्षा और मूल्य विकास में समसामयिक मुद्दे, मानवाधिकार और लैंगिक मुद्दों पर चुप्पी तोड़ना, महिला हिंसा का अंत: कल, आज और कल, मानवाधिकार शिक्षा: मुद्दे और चुनौतियां शामिल हैं.
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