एजुकेशन
Jaya Pandey | Jun 03, 2025, 11:35 AM IST
1.पुलिस सेवा में रही हैं तीन पीढ़ियां

यूपीएससी की सिविल सेवा की परीक्षा क्रैक करना कोई आसान बात नहीं है. लेकिन आज हम आपको एक ऐसी आईपीएस से मिलवाने जा रहे हैं जिनके परिवार की तीन पीढ़ी भारतीय पुलिस सेवा में अधिकारी रही है. हम बात कर रहे हैं IPS ईशा सिंह की जो यूपीएससी क्रैक करने से पहले वकील थीं.
2.अब वकालत करते हैं मम्मी-पापा

ईशा सिंह पूर्व आईपीएस वाई.पी. सिंह और आभा सिंह की बेटी हैं. वाईपी सिंह से मुंबई के पुलिस आयुक्त के रूप में भी काम किया है लेकिन बाद में उन्होंने वीआरएस ले ली और अब वे एक प्रैक्टिसिंग वकील हैं जो कानूनी सक्रियता में अपने काम के लिए जाने जाते हैं. ईशा की मां आभा भारतीय डाक सेवा की अधिकारी थीं और वह भी अब रिटायरमेंट लेने के बाद वकालत कर रही हैं.
3.191वीं रैंक के साथ क्रैक की यूपीएससी

ईशा ने साल 2020 में 191वीं रैंक के साथ यूपीएससी की सिविल सेवा परीक्षा पास की और उन्हें आईपीएस सेवा के लिए चुना गया. उन्हें अरुणाचल प्रदेश-गोवा-मिजोरम और केंद्र शासित प्रदेश (एजीएमयूटी) कैडर आवंटित किया गया और फिलहाल वह दिल्ली पुलिस में आईपीएस अधिकारी के रूप में सेवारत हैं और सिविल सेवा की परिवार की परंपरा को आगे बढ़ा रही हैं.
4. बैंगलोर के नेशनल लॉ स्कूल से की है पढ़ाई

ईशा ने बैंगलोर के नेशनल लॉ स्कूल से ग्रेजुएशन पूरा किया है और यूपीएससी क्रैक करने से पहले वह बॉम्बे हाई कोर्ट में वकालत की प्रैक्टिस कर रही थीं. ईशा सिंह ने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक युवा मानवाधिकार वकील के रूप में अपनी पहचान बनाई. उन्होंने तीन महिलाओं को 10-10 लाख का मुआवजा दिलाया जो मैनहोल साफ करते समय मर गए थे.
5.यूपी के नए डीजीपी से है खास रिश्ता

आईपीएस ईशा सिंह का यूपी के नए कार्यवाहक डीजीपी राजीव कृष्ण से भी खास रिश्ता है. रिश्ते में वह ईशा के मौसा लगते हैं. डीजीपी राजीव कृष्ण की पत्नी मीनाक्षी सिंह ईशा सिंह की मां आभा सिंह की बहन हैं. ईशा के नाना भी पुलिस अधिकारी थे. आईपीएस ईशा सिंह ने साबित किया है कि मेहनत और लगन के दम पर आप कोई भी मुकाम हासिल कर सकते हैं.