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शिक्षक की बेटी ने JEE Advanced 2025 में लहराया परचम, जानें किस स्ट्रैटजी से पढ़ाई कर देवदत्ता माझी ने फीमेल कैटिगरी में किया टॉप

देवदत्ता माझी ने लड़कियों में जेईई एडवांस्ड 2025 में टॉप किया है, जानें उन्होंने किस स्ट्रैटजी से पढ़ाई की थी जिससे उन्हें 16वीं रैंक हासिल हुई...

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शिक्षक की बेटी ने JEE Advanced 2025 में लहराया परचम, जानें किस स्ट्रैटजी से पढ़ाई कर देवदत्ता माझी ने फीमेल कैटिगरी में किया टॉप

Devdutta Majhi JEE Advanced

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जेईई एडवांस्ड देश की मुश्किल परीक्षाओं में से एक है और इसे क्रैक करना बच्चों का खेल नहीं है. देवदत्ता माझी ने इस साल जेईई एडवांस्ड में फीमेल कैटिगरी में टॉप किया है. उन्हें भारत भर में 16वीं रैंक हासिल हुई है. आज हम आपको उनकी सफलता की कहानी के बारे में बताने वाले हैं कि कैसे उन्होंने इस कठिन परीक्षा को क्रैक किया.

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शिक्षकों के परिवार से आती हैं देवदत्ता

आईआईटी खड़गपुर जोन की देवदत्ता माझी जेईई एडवांस्ड 2025 में महिला टॉपर हैं. वह पश्चिम बंगाल के कटवा से हैं. उन्होंने कटवा दुर्गादासी चौधरानी गर्ल्स हाई स्कूल से अपनी पढ़ाई पूरी की है. उनकी मां शेली डैन उसी स्कूल में फिजिक्स की टीचर हैं. वहीं उनके पिता जयंत माझी आसनसोल के बी.बी. कॉलेज में फिजिक्स के प्रोफेसर हैं.  देवदत्ता ने अपनी हाई स्कूल परीक्षा में 500 में से 492 मार्क्स हासिल किए थे और उनका ओवरऑल परसेंट 98.4% रहा. देवदत्ता ने 2023 में पश्चिम बंगाल माध्यमिक परीक्षा में भी टॉप किया. वह JEE मेन 2025 सेशन 1 में पश्चिम बंगाल राज्य की टॉपर थीं और उन्होंने 99.99921 पर्सेंटाइल और AIR 275 हासिल की थी.

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दो साल से कर रही थीं जेईई की तैयारी

मीडिया से बातचीत में उन्होंने बताया, 'मैं पिछले दो साल से इसके लिए तैयारी कर रही थी इसलिए मेरी कड़ी मेहनत और समर्पण का फल देखकर मैं बेहद खुश हूं. उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता -पिता को दिया. उन्होंने अपने मां के मार्गदर्शन में सेल्फ स्टडी के दम पर यह मुकाम हासिल किया है. हालांकि वह कभी-कभी कोलकाता और दिल्ली के शिक्षकों से वर्चुअल डाउट-क्लियरिंग सेशन भी लेती थीं.

अपनी भविष्य की योजनाओं पर उन्होंने बताया कि वह आईआईएससी बैंगलोर से मैं बीटेक करना चाहती हैं और उसके बाद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटिक्स की फील्ड में रिसर्च करना चाहती हैं. देवदत्ता माझी की सफलता की कहानी यह साबित करती है कि अगर आपको फोकस, जुनून के साथ सही सपोर्ट मिल जाए तो कोई भी सपना बहुत दूर नहीं है.

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