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ब्लाइंड IIM स्टूडेंट को नहीं मिल रही जॉब, बयां किया दर्द- 'मुझे सहानुभूति-खोखले वादों की जरूरत नहीं...'

IIM के एक स्टूडेंट को नेत्रहीन होने की वजह से जॉब पाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. अमेय ने अपना दर्द लिंक्डइन पर बयां किया है जिसपर यूजर्स तरह-तरह के कमेंट कर रहे हैं...

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ब्लाइंड IIM स्टूडेंट को नहीं मिल रही जॉब, बयां किया दर्द- 'मुझे सहानुभूति-खोखले वादों की जरूरत नहीं...'

Amey Tiwari (Image: LinkedIn)

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IIM त्रिची के पोस्टग्रेजुएट स्टूडेंट को नेत्रहीन होने की वजह से नौकरी पाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. अमेय तिवारी ने नेत्रहीन उम्मीदवारों के लिए मौजूद सीमित विकल्पों के कारण नौकरी पाने के अपने संघर्ष का खुलासा करके ऑनलाइन चर्चा को जन्म दिया है. अपने लिंक्डइन पोस्ट में तिवारी ने बताया कि उनका एमबीए का कोर्स खत्म होने वाला है हालांकि इस उपलब्धि पर खुश होने के बजाय यह उन्हें क्रूर मजाक जैसा लगता है. उन्होंने कहा- 'मैं थक गया हूं. मैंने सबकुछ सही किया लेकिन फिर भी मैं अब तक बेरोजगार हूं.'

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अमेय ने लिंक्डइन पर बयां किया दर्द
उन्होंने लिखा कि उनकी बेरोजगारी उनके ज्ञान, कौशल या प्रेरणा की कमी के कारण नहीं हैं बल्कि इसलिए है क्योंकि वे नेत्रहीन हैं. उन्होंने कहा कि यह दुनिया मेरे जैसों को दूसरे प्रोफेशनल्स की तरह नहीं मानती. यह हमें अपनी सुविधा के हिसाब से प्रेरणा के तौर पर तो देखती है लेकिन जब हमें काम पर रखने की बात आती है तो हिचकिचाती है. 

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'मुझे सहानुभूति-खोखले वादों की जरूरत नहीं'
उन्होंने आगे बताया कि उनपर एजुकेशन लोन है और उनकी भविष्य की चिंता वास्तविक है. उन्होंने कहा- 'मुझे सहानुभूति की जरूरत नहीं है. मुझे खोखले वादों की जरूरत नहीं है. मुझे किसी ऐसे किसी शख्स की जरूरत है जो यह साबित कर सके कि इनक्यूजन दिखावटी कॉरपोरेट सेवा से कहीं अधिक है.'तिवारी ने अपने पोस्ट के अंत में दर्जनों कंपनियों को टैग किया जो आईआईएम से भर्ती करती हैं. उन्होंने कहा, 'यह सिर्फ़ मेरे बारे में नहीं है. यह हर उस कुशल मेहनती प्रोफेशनल के बारे में है जो विकलांग है और जिसे समाज की मुख्यधारा से जुड़ने के लिए दोगुनी मेहनत करनी पड़ती है. मुझे गलत साबित करें. मुझे दिखाएं कि समावेश सिर्फ एक अच्छा नारा नहीं है.' 

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एलएलबी डिग्री धारक भी हैं अमेय
इस पोस्ट को शेयर किए जाने के बाद से इस पर 3,000 से ज्यादा रिएक्शन और 350 से ज्यादा कमेंट्स आ चुके है. जहां कुछ यूज़र्स ने अपने संघर्ष के बारे में खुलकर बात करने के लिए अमेय की हिम्मत की तारीफ़ की तो वहीं कुछ यूजर्स ने संभावित नौकरी के अवसरों की पेशकश की. बता दें अमेय तिवारी के पास शिवाजी कॉलेज से डिग्री के साथ-साथ दिल्ली यूनिवर्सिटी के प्रतिष्ठित कैम्पस लॉ सेंटर से एलएलबी की डिग्री भी है.

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