क्रिकेट
Harbhajan Singh Birthday: भारत के पूर्व स्पिन गेंदबाज हरभजन सिंह का आज 45वां जन्मदिन हैं. जो भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट में पहले हैट्रिक लेने वाले गेंदबाज हैं. मगर एक समय वो क्रिकेट छोड़कर ट्रक ड्राइवर बनना चाहते थे.
भारत का ऐसा फिरकी गेंदबाज जिसके आगे ऑस्ट्रेलिया के खूंखार बल्लेबाज भी खौफ खाते थे. इस स्पिन बॉलर ने भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट में पहली हैट्रिक लेने का कारनामा किया था. लेकिन एक समय भारत के इस स्टार क्रिकेटर ने क्रिकेट छोड़ ट्रक ड्राइवर बनाने तक का फैसला ले लिया था. हम बात कर रहे हैं भारत के 'टर्बनेटर' हरभजन सिंह के बारे में जिनका आज 45वां जन्मदिन है.
हरभजन सिंह का जन्म 3 जुलाई 1980 को जालंधर में हुआ था. जो भारत के लिए 103 टेस्ट, 236 वनडे और 28 टी20 मैच खेल चुके हैं. वही उनके खाते में 2007 टी20 विश्व कप और 2011 वनडे विश्व कप का खिताब भी रहा है. आइए जानें आखिर हरभजन क्रिकेट क्यों छोड़ना चाहते थे.
हरभजन सिंह ने साल 1998 में भारत के लिए डेब्यू कर लिया था. लेकिन डेढ़ साल के भीतर ही उनको टीम से बाहर कर दिया गया. इस बीच हरभजन के पिता का निधन हो गया. जिसके बाद भज्जी ने परिवार चलाने के लिए क्रिकेट छोड़ ट्रक ड्राइवर बनाने का काम करने का फैसला ले लिया था. मगर हरभजन की बहन ने ऐसा करने से उनको रोक दिया. फैमिली ने हरभजन को क्रिकेट पर काम करने की सलाह दी. जिसने बाद में उनकी किस्मत बदल दी.
साल 2000 में रणजी ट्रॉफी में हरभजन सिंह के फिरकी का जादू देखने को मिला था. उन्होंने 5 मैचों में 28 विकेट झटके भारतीय टीम में वापसी कर ली. जिसके बाद भज्जी ने टेस्ट क्रिकेट में इतिहास रच दिया.
ऑस्ट्रेलिया के भारतीय दौरे पर हरभजन सिंह को अनिल कुंबले की जगह खेलने का मौका मिला. टेस्ट सीरीज के पहले मुकाबले में भारत को हार का सामना करना पड़ा. जिसमें हरभजन ने 4 विकेट लिए. लेकिन अगले 2 मैच में भज्जी ने कोहराम मचा दिया. उन्होंने दूसरे टेस्ट में 13 विकेट लिए.
जबकि तीसरे टेस्ट मैच में हरभजन ने 15 बल्लेबाजों को अपना शिकार बनाया. वही इसी सीरीज में हैट्रिक लेकर वो भारत के लिए ऐसा करने वाले पहले खिलाड़ी बन गए. ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इस प्रदर्शन से ही हरभजन सिंह को टर्बनेटर का निकनेम मिला.
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