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BharatPe के Co-Founder को भेजा गया छुट्टी पर, जानिए इसके पीछे की पूरी वजह

BharatPe का ख़राब वर्क कल्चर लगातार 2 साल से सुर्ख़ियों में बना हुआ है, लेकिन ग्रोवर इस बार अपनी अभद्र भाषा के चलते लंबी छुट्टियों पर भेजे गए हैं.

BharatPe के Co-Founder को भेजा गया छुट्टी पर, जानिए इसके पीछे की पूरी वजह
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डीएनए हिंदी: 3 अरब डॉलर की वैल्यू वाली फिनटेक कंपनी BharatPe के एमडी अशनीर ग्रोवर (Ashneer Grover) मार्च के अंत तक के लिए वॉलेंटरी लीव पर चले गए हैं. अशनीर ने छुट्टियों पर जाने से पहले कंपनी के बोर्ड को इसकी जानकारी दी. BharatPe के बयान में कहा गया, "फिलहाल बोर्ड ने अशनीर के फैसले को स्वीकार कर लिया है और यह कंपनी, हमारे कर्मचारियों और निवेशकों के हित में है. साथ ही यह उन लाखों कारोबारियों के हित में भी है जिन्हें हम हर दिन मदद करते हैं." बता दें कि अशनीर ने कोटक के एक कर्मचारी के खिलाफ अभद्र भाषा के इस्तेमाल, भारतपे के टॉक्सिक कल्चर और शार्क टैंक शो पर सख्त व्यवहार के चलते बढ़ती स्क्रूटनी और दबाव के बीच यह फैसला लिया है.

BharatPe ने कितना फंडिंग रेज किया?

BharatPe पूरे भारत के 150 शहरों में 75 लाख मर्चेंट्स के साथ काम करता है. कंपनी ने अब तक अपने मर्चेंट्स को 3,000 करोड़ का लोन दिया है और अब तक BharatPe ने डेब्ट (debt) और इक्विटी (equity) से  650 मिलियन डॉलर फंडिंग रेज़ की है.

अब कौन संभालेगा BharatPe?

BharatPe के को-फाउंडर अशनीर ग्रोवर (Ashneer Grover) फिलहाल वॉलेंटरी लीव पर चले गए हैं. हालांकि अब  BharatPe के CEO सुहैल समीर (Suhail Sameer) BharatPe का कामकाज देखेंगे. मनीकंट्रोल के मुताबिक, उन्होंने अशनीर ग्रोवर (Ashneer Grover) के छुट्टी पर जाने को लेकर कहा कि ग्रोवर इस दौरान कंपनी के रोजाना कामकाज में भाग नहीं लेंगे और छुट्टी के दौरान अपने व्यक्तित्व पर फोकस करेंगे उन्होंने बताया कि वह जल्द ही कंपनी को वापस ज्वाइन करेंगे.

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BharatPe के  बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने दिया छुट्टी पर जोर

अशनीर ग्रोवर (Ashneer Grover) के छुट्टी पर जाने की वजह BharatPe के  बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के दिए गए जोर को माना जा रहा है. माना जा रहा है बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स- सिकोइया इंडिया, रिबिट कैपिटल, कोटयू मैनेजमेंट जैसे इनवेस्टर्स और एसबीआई (SBI) के पूर्व चेयरमैन रजनीश कुमार और यूनियन बैंक (Union Bank) के पूर्व चेयरमैन केवल हांडा जैसे वरिष्ठ बैंकर्स की तरफ से सर्वसम्मति से ग्रोवर को छुट्टी की जरूरत होने पर जोर दिया जाना रहा है.

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