Advertisement

World Fisheries Day: पिछले डेढ़ दशक में सुस्त रही भारत की फिशिंग इडस्ट्री की रफ्तार, आंध्र करता है 30% से ज्यादा का बिजनेस

Fishing Industry में चौंकाने वाली बात यह है कि जितना बिजनेस केरल करता है उससे ज्यादा तो उत्तर भारत के राज्य कर लेते हैं.

Latest News
World Fisheries Day: पिछले डेढ़ दशक में सुस्त रही भारत की फिशिंग इडस्ट्री की रफ्तार, आंध्र करता है 30% से ज्यादा का बिजनेस
Add DNA as a Preferred Source

डीएनए हिंदी: भारत दुनिया के टॉप 5 मछली निर्यातकों (Fishing Industry & Export) में से एक है. देश के कृषि निर्यात में मत्स्य और इसके उत्पादों का हिस्सा 17% है. साल 2021-22 में ये निर्यात करीब 60,000 करोड़ रुपयों का था. इन सब के बीच चिंता का सबब यह है कि देश में पिछले 15 सालों में मत्स्य उत्पादन में सिर्फ 2.25 गुना की ही वृद्धि हुई है.

खास बात यह है कि इसमें से भी देश में सबसे ज्यादा मछली उत्पादन एक ही राज्य आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh) में होता है बाकी तटीय राज्यों में मतस्य उत्पादन के विकास बहुत ही मामूली है. वहीं देश के बाकी राज्यों में मछली उत्पादन जोर पकड़ रहा है.  

आंध्र प्रदेश से होता 30% से ज्यादा का बिजनेस

भारत का मत्स्य उत्पादन धीरे-धीरे बढ़ रहा है. साल 2004-05 से साल 2019-20 के 15 सालों में भारत का मत्स्य उत्पादन महज 2.25 गुना ही बढ़ पाया है. ये विकास भी सिर्फ आंध्र प्रदेश के कारण रहा है. साल 2004-05 में भारत का मछली उत्पादन करीब 63 लाख टन का था जो कि साल 2019-120 में बढ़कर 142 लाख टन हो गया. इस 80 लाख टन के इजाफे में का एक तिहाई सिर्फ आंध्र प्रदेश से आया है.  साल 2024-05 में आंध्र प्रदेश का उत्पादन 8.53 लाख टन था, जो कि अब बढ़कर 41.6 लाख टन हो गया है. प्रतिशत में आंका जाए तो इसमें करीब 390 % का इजाफा हुआ है.  

Tata अपने 4 एयरलाइन्स का करेगी मर्जर, Vistara ब्रांड के लिए है ये योजना

औसत दर्जे की रही ग्रोथ 

आंध्र के अलावा अन्य बड़े उत्पादक राज्यों में अपेक्षित वृद्धि देखने को नहीं मिलती है. इन्ही 15 सालों में दूसरे सबसे बड़े मछली उत्पादक राज्य पश्चिम बंगाल में महज 46% की वृद्धि होती दिखी है. तीसरे नंबर पर गुजरात में 35.3% बढ़ोतरी हो रही है. तमिलनाडु में मछली उत्पादन 65% बढ़ा है. वहीं केरल में तो उत्पादन में कोई विकास नहीं देखने को मिला है. 

केरल से ज्यादा उत्पादन करता है उत्तर प्रदेश  

देश के तटीय राज्यों से बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों में उत्तर प्रदेश है, जहां करीब 7 लाख टन मछली का उत्पादन होता है, जो कि केरल से ज्यादा है. इसके अलावा छत्तीसगढ़ ने भी मत्स्य उत्पादन में बढ़ोतरी हुई है. पिछले 15 सालों में 1.2 लाख टन से बढ़कर 5.7 लाख टन हो गया है. इसके अलावा बिहार भी 6.4 लाख टन मछली का उत्पादन कर रहा है.  

भारत का मत्स्य निर्यात  60,000 करोड़ के पार  

पिछले कुछ सालों में भारत के निर्यात में बेहतर हुआ है. साल 2015-16 में जहां भारत का निर्यात करीब 4,687 अमेरिकी डालर (35,000 करोड़ रु) था. जो साल 2021-22 में बढ़कर 7,740 मिलियन अमेरिकी डॉलर हो गया. भारतीय रुपयों में ये करीब 60,000 करोड़ रु होता है.

ग्लोबल एजेंसी ने चेताया, थमने वाला है भारत के विकास का 'पहिया'

भारत का सबसे बड़ा ग्राहक अमेरिका  

भारत के मत्स्य उत्पादों का सबसे बड़ा ग्राहक अमेरिका है. साल 2019-20 में भारत की कुल मत्सय निर्यात का 38.37 % हिस्सा अमेरिका से आता है. दूसरा सबसे बड़ा ग्राहक चीन (20.61%) है. इसके अलावा यूरोपियन यूनियन में 13.05 % और जापान 6.26 % खरीददार है. इस सेक्टर में मिडल ईस्ट में भारत का निर्यात 4.46 % है.

देश-दुनिया की ताज़ा खबरों Latest News पर अलग नज़रिया, अब हिंदी में Hindi News पढ़ने के लिए फ़ॉलो करें डीएनए हिंदी को गूगलफ़ेसबुकट्विटर और इंस्टाग्राम पर. 

    Read More
    Advertisement
    Advertisement
    Advertisement