बिजनेस
Peko and Kalp Deal: यूएई (UAE) के प्रमुख बिजनेस मैनेजमेंट प्लेटफॉर्म 'पेको' (Peko) और डिजिटल इंफास्ट्रक्चर कंपनी 'कल्प डिजिटल' (Kalp) ने एक रणनीतिक समझौते (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं.
Peko- Kalp Digital MoU: यूएई (UAE) के बिजनेस जगत से एक बेहद महत्वपूर्ण और दूरगामी परिणाम देने वाली खबर आई है. संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में स्मॉल एंड मिड साइज एंटरप्राइजेज (SME) के बिजनेस के तरीके को पूरी तरह बदलने के लिए बड़ा एग्रीमेंट हुआ है. यूएई के मशहूर बिजनेस मैनेजमेंट सुपर-प्लेटफॉर्म 'पेको' (Peko) और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की दिग्गज कंपनी 'कल्प डिजिटल इंफास्ट्रक्चर कॉर्प' (Kalp) ने स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप के लिए एमओयू साइन किया है.पेको (Peko) और कल्प डिजिटल इंफास्ट्रक्चर कॉर्प (Kalp) के बीच हुआ यह समझौता (MoU) आने वाले समय में छोटे और मध्यम उद्योगों (SMEs) के काम करने के तरीके को पूरी तरह से डिजिटल और सुरक्षित बनाने का दम रखता है.
पार्टनरशिप के तहत दोनों कंपनियां मिलकर एसएमई (SME) सेक्टर के लिए नेक्स्ट जेनरेशन का डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करेंगी. एमओयू (MoU) साइन होने के बाद पेको (Peko) के प्लेटफॉर्म पर कल्प डिजिटल (Kalp) की मॉर्डन टेक्निक को इंटीग्रेट किया जाएगा.
इस एमओयू के बाद छोटे कारोबारियों को सिक्योर ट्रांजेक्शन और अपनी डिजिटल प्रॉपर्टी मैनेज करने में काफी मदद मिलेगी. पेको के प्लेटफॉर्म पर कल्प डिजिटल की तकनीक इंटीग्रेट (जुड़) होने के बाद, छोटे व्यापारियों को वे एडवांस फीचर्स मिलेंगे जो अब तक सिर्फ बड़ी मल्टीनेशनल कंपनियों के पास होते थे. दोनों कंपनियों के बीच की यह डील बिजनेस वर्ल्ड के लिए बहुत ही फायदेमंद साबित होने वाली है.
पेको (Peko) मौजूदा समय में यूएई और उसके आसपास मॉर्डन बिजनेस के लिए ऑपरेटिंग सिस्टम की तरह काम कर रहा है. यह प्लेटफॉर्म इनवॉइसिंग, पेमेंट, पेरोल, कंपनी फार्मेशन और इंश्योरेंस जैसी 50 से ज्यादा इंटीग्रेटेड बिजनेस सर्विस सीधे और पार्टनर्स के जरिये ऑफर कर रही है. दूसरी तरफ कल्प डिजिटल (Kalp Digital) बेसिक इंफ्रास्ट्रक्चर मुहैया कराती है, जो इन प्लेटफॉर्म के नीचे काम करता है. कल्प की टेक्निक के जरिये पेको यूजर्स को डिस्ट्रीब्यूटेड लेजर टेक्नोलॉजी (DLT), प्रोग्रामेबल डिजिटल-कैश, डिजिटल-एसेट वॉलेट और टोकेनाइजेशन जैसी एडवांस सुविधाएं अपने ब्रांड के तहत दे सकेगा.
पेको के सीईओ कासिफ अहमद खान के मुताबिक, इस तकनीक से पूरी SME इकोनॉमी पारदर्शी हो जाएगी. हर लेन-देन का साफ ट्रैक रिकॉर्ड होगा, जिससे टैक्स, ऑडिट और रेगुलेटरी कंप्लायंस में कोई दिक्कत नहीं आएगी. उन्होंने कहा कल्प के साथ पार्टनरशिप नॉर्मल बिजनेस के लिए डिस्ट्रीब्यूटेड लेजर और प्रोग्रामेबल मनी जैसी अगली पीढ़ी की टेक्निक को संभव बनाएगी.
इस सौदे से साइबर फ्रॉड से भी सुरक्षा मिलेगी. छोटे बिजनेसेस अक्सर साइबर अटैक या पेमेंट फ्रॉड का शिकार आसानी से हो जाते हैं. कल्प डिजिटल के मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर से छोटे व्यापारियों की डिजिटल प्रॉपर्टी और ट्रांजैक्शन पूरी तरह से सेफ हो जाएंगे. कल्प के को-फाउंडर तपन संगल का मानना है कि आने वाले दशक में बिजनेस के बीच लेन-देन और 'भरोसा' (Trust) बनाने का तरीका बदलेगा.
तपन संगल (Tapan Sangal) ने कहा कि इस बदलाव की अगुवाई एसएमई सेक्टर को करनी चाहिए. दूसरी तरफ कल्प के सीईओ मृत्युंजया (जय) प्रजापति ने कहा कि पेको जैसे बड़े प्लेटफॉर्म के साथ जुड़कर उनकी तकनीक ऐसे लोगों तक पहुंचेगी, जहां असल में इसकी जरूरत है.