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शेयर बाजार में हाहाकार! PM मोदी की गोल्ड-पेट्रोल पर अपील के बाद मार्केट क्रैश, जानिए कितने गिरे सोने के दाम

अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते तनाव और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सोना व ईंधन बचाने की विशेष अपील ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है.

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शेयर बाजार में हाहाकार! PM मोदी की गोल्ड-पेट्रोल पर अपील के बाद मार्केट क्रैश, जानिए कितने गिरे सोने के दाम

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सप्ताह के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार के लिए "ब्लैक मंडे" साबित हुआ. सोमवार (11 मई 2026) को बाजार खुलते ही सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही ताश के पत्तों की तरह ढह गए. अंतरराष्ट्रीय तनाव और पीएम मोदी की अपील के बीच निवेशकों में जबरदस्त घबराहट देखी गई, जिससे बाजार में चौतरफा बिकवाली का माहौल रहा.

बाजार की कमजोर शुरुआत 

बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स पिछले बंद स्तर 77,328 के मुकाबले सीधे 944 अंक की बड़ी गिरावट के साथ 76,638 पर खुला. कारोबार शुरू होने के महज 5 मिनट के भीतर यह फिसलकर 76,363 के स्तर पर आ गया. वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के निफ्टी की स्थिति भी बेहद नाजुक रही. निफ्टी अपने पिछले बंद 24,176 की तुलना में 275 अंक टूटकर 23,895 के स्तर पर पहुंच गया. इस अचानक आई गिरावट ने निवेशकों की बड़ी पूंजी मिनटों में साफ कर दी.

बाजार में खौफ के मुख्य कारण

बाजार के इस तरह क्रैश होने के पीछे वैश्विक और घरेलू दोनों मोर्चों पर नकारात्मक खबरें रहीं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पड़ोसी क्षेत्रों में जारी युद्ध के कारण बिगड़ते आर्थिक हालातों का हवाला देते हुए देशवासियों से एक साल तक सोना न खरीदने और पेट्रोल-डीजल की बचत करने की अपील की. इस बयान ने बाजार में अनिश्चितता पैदा कर दी, जिससे निवेशकों को भविष्य की आर्थिक स्थिति को लेकर डर सताने लगा.

अमेरिका-ईरान वार्ता विफल

अमेरिका और ईरान के बीच शांति प्रस्ताव पर सहमति न बन पाना बाजार के लिए बड़ा झटका साबित हुआ. इसके कारण ग्लोबल सप्लाई चेन बाधित होने की आशंका गहरा गई है. शांति वार्ता विफल होते ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें एक झटके में 3% से ज्यादा बढ़ गईं. ईंधन की बढ़ती कीमतों ने महंगाई और राजकोषीय घाटे की चिंता बढ़ा दी, जिसका सीधा दबाव घरेलू बाजार पर दिखा.

दिग्गज शेयर हुए धराशायी

बाजार में आई इस सुनामी से लार्जकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप कोई भी सेक्टर अछूता नहीं रहा. आईटी और बैंकिंग जैसे हैवीवेट्स में भी भारी गिरावट दर्ज की गई. सबसे ज्यादा गिरावट टाइटन में देखी गई, जो 6.50% तक टूट गया. इसके अलावा इंडिगो (4%), एसबीआई (3.50%) और भारती एयरटेल (2.60%) में भी भारी कमजोरी रही. अशोक लेलैंड, गोदरेज प्रॉपर्टीज और मुथूट फाइनेंस जैसे शेयर 3% से ज्यादा लुढ़क गए. पेटीएम और सुजलॉन भी रेड जोन में कारोबार करते नजर आए.

सोने के भाव में भी हलचल

एक तरफ जहां प्रधानमंत्री ने सोना न खरीदने की अपील की, वहीं अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों में गिरावट देखी गई. ग्लोबल मार्केट में सोना करीब $30 गिरकर $4,685 प्रति औंस के करीब आ गया. घरेलू बाजार में भी इसकी कीमतों में कमी आई और MCX पर 5 जून 2026 वाले गोल्ड फ्यूचर का भाव 415 रुपये यानी 0.27% टूटकर 1,52,115 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करता दिखा. ट्रेडिंग के दौरान सोना 1,51,892 रुपये के निचले स्तर तक फिसला.

मौजूदा वैश्विक तनाव और कच्चे तेल की अस्थिरता ने भारतीय शेयर बाजार को रक्षात्मक मोड में डाल दिया है. आने वाले दिनों में बाजार की दिशा अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक वार्ताओं और तेल की कीमतों पर निर्भर करेगी.

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