Advertisement

Income Tax Bill: फेसबुक, इंस्टा, ईमेल सब पर रहेगी इनकम टैक्स की नजर, रडार पर सोशल मीडिया अकाउंट्स, जानें पूरा मामला

Income Tax Bill: इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को कुछ और अधिकार मिलने जा रहे है. अब आपको सोशल मीडिया अकाउंट्स, नेट बैंकिंग, ट्रेडिंग अकाउंट्स पर भी इनकम टैक्स की नजर रहेगी.

Latest News
Income Tax Bill: फेसबुक, इंस्टा, ईमेल सब पर रहेगी इनकम टैक्स की नजर, रडार पर सोशल मीडिया अकाउंट्स, जानें पूरा मामला

Income Tax Bill

Add DNA as a Preferred Source

Income Tax Bill: राज्य सभा ने वित्त विधेयक 2025 (Income Tax Bill 2025) को चर्चा के बाद लौटा दिया है. इसका मतलब ये हुआ कि संसद के उच्च सदन राज्यसभा में वित्त विधेयक 2025 को मंजूरी नहीं मिली है. वित्त विधेयक की वापसी बजट प्रक्रिया के पूरा होने का प्रतीक हैं. यह विधेयक संसद के निचले सदन लोकसभा ने 25 मार्च को वित्त विधेयक और 21 मार्च को विनियोग विधेयक पारित किया था. बता दें कि यह विधेयक 1 अप्रैल 2026 से लागू होने जा रहा है. 

कब होगा ये बिल लागू
यानी 1 अप्रैल 2026 से इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को कुछ नई शक्तियां मिलने वाली हैं. टैक्स चोरी के मामले में अब इनकम टैक्स अधिकारी आपके ई-मेल और सोशल मीडिया अकाउंट्स की भी जांच कर सकते हैं. आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 132 के इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को आपके सोशल मीडिया अकाउंट, ई-मेल, बैंक अकाउंट, ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट्स और ट्रेडिंग अकाउंट्स जांचने का कानूनी अधिकार मिल जाएगा. 

कितना होगा बदलाव 
अगर इनकम टैक्स डिपार्टमेंट को शक हुआ कि आपने टैक्स की चोरी की है या फिर आप टैक्स पे करने में लापरवाही कर रहे है. आपने अपने पास पास बेनामी संपत्ति, नकदी, सोना, आभूषण या अन्य कीमती सामान है, तो अधिकारी आपकी डिजिटल जानकारी की जांच कर सकते हैं. पहले अधिकारी केवल घरों, तिजोरियों और लॉकरों की तलाशी ले सकते थे. लेकिन 1 अप्रैल से ये दायरा बढ़ गया है और अब आपके डिजिटल स्पेस की जानकारी इनकम टैक्स ले सकता है.

यह भी पढ़ें- कौन हैं प्रिया जायसवाल जिन्होंने Bihar Board से किया टॉप? मार्कशीट में नंबर देखकर रह जाएंगे हैरान

12 लाख तक कोई टैक्स नहीं
अगर विभाग को शक हुआ कि आप टैक्स चोरी की जानकारी ऑनलाइन तरीके से छुपा रहे है तो ये आपके लिए सही नहीं होगा. इस स्थिति में विभाग आपके कंप्यूटर डेटा और ऑनलाइन सोशल मीडिया अकाउंट्स की भी जांच करेगा. बीते बजट सत्र के दौरान सीतारमण ने आगे कहा, "लेकिन, हम इस अवसर का उपयोग भारतीय करदाताओं के प्रति अपना सम्मान जताने के लिए करना चाहते हैं. हमने (आयकर के लिए) 12 लाख रुपये की सीमा तय करने की दिशा में कदम बढ़ाया है, उस सीमा तक किसी को कोई कर नहीं देना होगा.

अपनी राय और अपने इलाके की खबर देने के लिए हमारे गूगलफेसबुकxइंस्टाग्रामयूट्यूब और वॉट्सऐप कम्युनिटी से जुड़ें. 

Read More
Advertisement
Advertisement
Advertisement