Advertisement

5000 से ज्यादा बार रिजेक्ट हुआ आइडिया, फिर भी नहीं मानी हारी! आज हर किसी की ड्रीम लिस्ट में इनके प्रोडक्ट

James Dyson Success Story: क्या आप जानते हैं जेम्स डायसन अपना पहला सफल प्रॉडक्ट बनाने के लिए एक या दो बार नहीं, बल्कि पूरे 5126 बार फेल हुए थे?

Latest News
5000 से ज्यादा बार रिजेक्ट हुआ आइडिया, फिर भी नहीं मानी हारी! आज हर किसी की ड्रीम लिस्ट में इनके प्रोडक्ट

जेम्स डायसन (Image Source- Dyson India)

Add DNA as a Preferred Source
  • डायसन ने पहला बिना बैग वाला वैक्यूम क्लीनर बनाने के लिए 5,127 मॉडल तैयार किए 
  • वे 5,126 बार असफल हुए, लेकिन उन्होंने हर नाकामी से सीखकर आखिरकार सफलता हासिल की
  • आविष्कार पूरा होने के बाद बड़ी कंपनियों ने उनका आइडिया रिजेक्ट कर दिया था
  • आज डायसन की कुल संपत्ति करीब 2.4 लाख करोड़ रुपये है

सोचिए, अगर आपका कोई आइडिया एक बार नहीं, सौ बार नहीं, बल्कि 5,000 से भी ज्यादा बार फेल हो जाए, तो आप क्या करेंगे? आम तौर पर लोग हार मानकर पीछे हट जाएंगे. लेकिन ब्रिटिश इन्वेंटर जेम्स डायसन ने ऐसा नहीं किया. आज डायसन कंपनी को दुनिया भर में अपने बिना बैग वाले वैक्यूम क्लीनर, हाई-टेक हेयर ड्रायर और प्रीमियम गैजेट्स के लिए जाना जाता है. लेकिन इस अरबों डॉलर के बिजनेस साम्राज्य के पीछे सालों का संघर्ष और कभी न खत्म होने वाला हौसला छिपा है. 

कौन हैं जेम्स डायसन?

खुद जेम्स डायसन ने अपनी आत्मकथा 'इन्वेंशन: ए लाइफ' में लिखा है, "अपनी असफलताओं का आनंद लें और उनसे सीखें, क्योंकि आप सफलता से कभी कुछ नहीं सीख सकते." सर जेम्स डायसन का जन्म 2 मई 1947 को इंग्लैंड के नोरफोक में हुआ था. जब वे महज नौ साल के थे, तब उनके पिता का साया उनके सिर से उठ गया. इस बड़े नुकसान ने उन्हें बचपन से ही हालातों से लड़ना सिखा दिया.

स्कूल के दिनों में वे लंबी दूरी की दौड़ में बहुत अच्छे थे. डायसन ने बताया था कि इस खेल ने उन्हें सिखाया कि जब सब थककर रुक जाते हैं, तब भी कैसे आगे बढ़ते रहना है. उन्होंने पहले आर्ट्स की पढ़ाई की, लेकिन बाद में रॉयल कॉलेज ऑफ आर्ट्स में उनका रुझान इंडस्ट्रियल डिजाइनिंग की तरफ हुआ, जहां कला और इंजीनियरिंग का शानदार मेल था. 

जेम्स डायसन (Image Source- Dyson India)

एक आम परेशानी और वो आइडिया

साल 1970 के दशक के आखिरी दिनों में जेम्स डायसन अपने घर पर वैक्यूम क्लीनर से सफाई कर रहे थे. उन्होंने देखा कि जैसे ही वैक्यूम क्लीनर का कचरा बटोरने वाला बैग थोड़ा भी भरता, मशीन की खींचने की ताकत कम हो जाती थी. आम लोग इसे सामान्य बात समझकर छोड़ देते, लेकिन डायसन इसके समाधान में जुट गए.

लकड़ी की मिलों में हवा से बुरादा अलग करने वाली साइक्लोन टेक्नोलॉजी को देखकर उनके दिमाग में एक आइडिया आया कि क्यों न एक ऐसा वैक्यूम क्लीनर बनाया जाए जिसमें बैग की जरूरत ही न हो और जिसकी परफॉर्मेंस कभी कम न हो. यह सफर बेहद मुश्किलों भरा था. सही डिजाइन तैयार करने में डायसन को पूरे 5 साल लग गए.

5,127वें प्रयास में मिली कामयाबी

इस दौरान उन्होंने एक-दो नहीं बल्कि 5,127 प्रोटोटाइप मॉडल बनाए यानी वे 5,126 बार फेल हुए, तब जाकर 5,127वीं बार में उन्हें कामयाबी मिली. डायसन अपनी असफलताओं पर खुलकर बात करते हुए कहा, "मुझे फेल होने से डर नहीं लगता, क्योंकि हर गलत मॉडल ने मुझे सिखाया कि अगली बार क्या नहीं करना है."

जब आविष्कार पूरा हो गया, तब असली चुनौती सामने आई. उस दौर की बड़ी वैक्यूम क्लीनर कंपनियों ने उनका आइडिया खारिज कर दिया, क्योंकि वे वैक्यूम क्लीनर के साथ बिकने वाले रिप्लेसमेंट बैग से मोटी कमाई करती थीं और इसे बंद नहीं करना चाहती थीं. हार मानने के बजाय डायसन ने विदेशी बाजारों में अपनी तकनीक का लाइसेंस दिया और बाद में खुद की कंपनी शुरू की. 

जेम्स डायसन (Image Source- Dyson India)

डायसन के ग्लोबल ब्रांड बनने का सफर

साल 1993 में उन्होंने दुनिया का पहला सफल बिना बैग वाला वैक्यूम क्लीनर 'DC01' लॉन्च किया. यह देखते ही देखते ब्रिटेन में सबसे तेजी से बिकने वाला वैक्यूम क्लीनर बन गया. इसके बाद डायसन ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा. कंपनी ने ब्लेडलेस पंखे, एयर प्यूरीफायर, हैंड ड्रायर और प्रीमियम हेयर स्टाइलिंग टूल्स की रेंज बाजार में उतारी. उनके हेयर स्टाइलिंग टूल्स कई लोगों की ड्रीम लिस्ट में होते हैं.

ऐसा नहीं है कि डायसन को बाद में नाकामी नहीं मिली, उनका वाशिंग मशीन और इलेक्ट्रिक कार का प्रोजेक्ट बुरी तरह फेल हुआ, लेकिन उन्होंने इन असफलताओं को भी सीखने का जरिया माना. जेम्स डायसन आज सिर्फ एक बिजनेसमैन नहीं हैं, बल्कि वे जेम्स डायसन फाउंडेशन के जरिए युवाओं को साइंस और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए स्कॉलरशिप और वित्तीय मदद भी दे रहे हैं. 

जेम्स डायसन (Image Source- Dyson India)

जेम्स डायसन की नेटवर्थ कितनी है?

उनकी इसी कड़ी मेहनत और कभी हार न मानने वाले रवैये ने उन्हें ब्रिटेन के सबसे अमीर व्यक्तियों में शामिल कर दिया है. संडे टाइम्स रिच लिस्ट के आंकड़ों के अनुसार, सर जेम्स डायसन की कुल संपत्ति लगभग 20.8 बिलियन पाउंड (यानी करीब 2.4 लाख करोड़ रुपये) आंकी गई है.  

ये भी पढ़ें- अंतरिक्ष में भारतीय युवाओं ने कैसे खोली 'कमाई फैक्ट्री'? क्या स्पेस में एलन मस्क के साम्राज्य को टक्कर देंगे ये देसी स्टार्टअप्स!

Read More
Advertisement
Advertisement
Advertisement