बिजनेस
Employment Linked Incentive Scheme: केंद्र सरकार ने रोजगार और रिसर्च को बढ़ावा देने के लिए ELI और DRI योजनाओं को मंजूरी दे दी है. इन योजनाओं पर कुल 2.07 लाख करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिससे रोजगार और रिसर्च सेक्टर को मजबूती मिलेगी.
Employment Linked Incentive (ELI) Scheme: केंद्र सरकार ने देश में संगठित और स्थायी रोजगार को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से मंगलवार को एम्प्लॉयमेंट लिंक्ड इन्सेंटिव (ELI) योजना को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है. यह योजना प्रोडक्शन लिंक्ड इन्सेंटिव (PLI) स्कीम की तर्ज पर तैयार की गई है. इसके तहत मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को विशेष रूप से लाभ होगा, जिससे युवाओं को रोजगार के स्थायी अवसर मिलेंगे.
कैबिनेट की मीटिंग के बाद, केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि इस योजना के तहत सरकार कुल 1.07 लाख करोड़ रुपए का प्रोत्साहन देगी. अभी ELI योजना को दो भागों में बाटा गया है, पार्ट A और पार्ट B. पार्ट A के अंतर्गत यदि कोई कंपनी नए कर्मचारी की नियुक्ति करती है, तो सरकार उस कर्मचारी की एक महीने की सैलरी (अधिकतम 15,000 रुपये देगी) दो हिस्सों में देगी. पहला हिस्सा छह महीने बाद और दूसरा बारह महीने बाद मिलेगा.
पार्ट B के तहत कंपनियों को प्रति कर्मचारी हर महीने अधिकतम ₹3,000 का प्रोत्साहन मिलेगा. यह राशि दो साल तक दी जाएगी, जबकि मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों के लिए यह लाभ चार वर्षों तक जारी रहेगा. यह प्रोत्साहन हर छह महीने में दिया जाएगा. अश्विनी वैष्णव ने बताया कि, यह योजना 1 अगस्त 2025 से लागू होगी और 31 जुलाई 2027 तक प्रभावी रहेगी. इसका लाभ केवल उन्हीं कर्मचारियों को मिलेगा जिनकी मासिक आय ₹1 लाख से कम है.
यह भी पढ़ें: अब दुश्मनों की खैर नहीं! इंडियन नेवी के बेड़े में शामिल हुआ INS तमाल, जानें इस युद्धपोत की खासियत
#Cabinet approves Employment Linked Incentive scheme to support employment generation, enhance employability, and social security across all sectors, with special focus on the manufacturing sector
The Scheme consists of two parts, with Part A focused on first-time employees… pic.twitter.com/hLwNvp7qcc— PIB India (@PIB_India) July 1, 2025
इसके साथ ही सरकार ने रिसर्च, डेवलपमेंट एंड इनोवेशन (DRI) योजना की भी घोषणा की है. इस योजना का उद्देश्य AI, डीप टेक्नोलॉजी, फार्मा, एनर्जी सिक्योरिटी और डिजिटल एग्रीकल्चर जैसे 17 महत्वपूर्ण क्षेत्रों में अनुसंधान को बढ़ावा देना है. DRI योजना के लिए सरकार ने 1 लाख करोड़ रुपए के प्रोत्साहन की घोषणा की है. बहरहाल, इन दोनों योजनाओं के जरिए सरकार न सिर्फ मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र को प्रोत्साहित करना चाहती है, बल्कि देश को रिसर्च और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने का भी लक्ष्य रखती है.
अपनी राय और अपने इलाके की खबर देने के लिए हमारे गूगल, फेसबुक, x, इंस्टाग्राम, यूट्यूब और वॉट्सऐप कम्युनिटी से जुड़ें.