बिजनेस
Business Success Story: आज हम आपको दो दोस्तों के बार में बताने वाले हैं, जिन्हें एक टीवी सिरियल से बिजनेस का आइडिया आया और उन्होंने भारत का पहला स्टार्टअप शुरू किया.
आज हम आपको दो दोस्तों के बार में बताने वाले हैं, जिन्हें एक टीवी सिरियल से बिजनेस का आइडिया आया और उन्होंने भारत का पहला स्टार्टअप शुरू किया. इससे पहले इस चीज का कारोबार भारत में नहीं था और इस तरह ये भारत की पहली कंपनी बनी. दोनों दोस्तों ने एक लाख रुपये में बिजनेस शुरू किया और फिर अपनी कड़ी मेहनत और लगन से करोड़ों का साम्राज्य बना दिया है. इस बिजनेस को सफल बनाने के लिए उनके सामने कई बड़ी चुनौतियां सामने आई थीं. हालांकि, उन्होंने कभी हार नहीं मानी और बस आगे बढ़ते रहे.
दो दोस्तों ने एक लाख में शुरू किया अपना बिजनेस
पश्चिम बंगाल के रहने वाले सुनील चंद्रा साहा और उनके दोस्त नितेश सिंह, जो उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं. इन दोनों की मुलाकात साल 2011 में चन्नई में हुई थी. सुनील ने माइक्रोबायोलॉजी और मार्केटिंग से अपनी पढ़ाई पूरी की है, जबकि नितेश सिंह का बैकग्राउंड रूरल मैनेजमेंट से रहा है. उस समय दोनों नौकरी करते थे और जब दोनों के बीच दोस्ती हुई, तो दोनों ने अपने बिजनेस का प्लान बनाया.
सुनील और नितेश को बिजनेस आइडिया एक टीवी सीरियल देखने को आया था, जिसके बाद दोनों ने 50-50 हजार रुपये मिलाए और एक लाख रुपये से अपना कारोबार शुरू कर दिया. हालांकि, दोनों ने अपने कारोबार के लिए कड़ी मेहनत की और कभी हार न मानने वाला हौसला उन्हें हमेशा आगे बढ़ाता रहा है और वो एक सफलत बिजनेसमैन बन गए हैं.
भारत में पहली बार बनाई इसकी कंपनी
सुनील और नितेश ने साल 2018 में सिर्फ एक लाख रुपये में अपना कारोबार शुरू किया था. उन्होंने एक टी ब्रांड 'ब्लू टी' नामका ब्रांड शुरू किया. ये कंपनी हर्बल चाय को बनाने में नीलकंठ फूलों का उपयोग करती है. सुनील ने एक आर्टिकल में बैंगनी रंग के ड्रिंक के बारे में पढ़ा था, जिसके बाद उन्होंने इसपर रिसर्च की, तो उन्हें पता लगा कि साउथ ईस्ट एशिया में नीलकंठ के फूलों से बनी कैफीन-मुक्त चाय का काफी ट्रेंड चलता है. उसके बाद सुनील और नितेश ने इसी पर अपना काम शुरू किया था. हालांकि, उस समय तक भारक में ऐसा कोई ब्रांड नहीं था और ये भारत की पहली ब्यू टी कंपनी बन गई.
आज बनाया करोड़ों का साम्राज्य
सुनील और नितेश ने शुरुआत में अपने कारोबार के लिए थाईलैंड से फूल इंपोर्ट किया था. लेकिन फिर उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा. भारत में नीलकंठ के फूल सिर्फ धार्मिक कामों के लिए उपयोग होते थे. उन्होंने किसानों से बात की और इसपर काम करने को बोला. ये कंपनी किसानों से फूलों को 700 रुपये प्रतिकिलो खरीदती है. ऐसे में किसानों की मासिक आय 5 हजार से बढ़कर 16-17 हजार पहुंच गई है.
रिपोर्ट्स के अनुसार, सुनील और नितेश की की ब्लू टी का सालाना टर्नओवर 85 करोड़ रुपये पहुंच गया है. हालांकि, अक्टूबर-नंवबर 2026 तक ये 100 करोड़ का आंकड़ा पार कर सकता है.