चुनाव
जसवंत नगर की रामलीला को यूनेस्को ने विश्व धरोहर का दर्जा दिया है. लगातार पांच बार से यहां शिवपाल यादव की ही जीत हो रही है.
डीएनए हिंदीः उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में अगर हाईप्रोफाइल सीटों की बात करें तो इटावा की जसवंत नगर सीट की चर्चा ना हो ऐसा हो नहीं सकता. इस सीट को सपा का गढ़ माना जाता है. इटावा की जसवंत नगर सीट से मुलायम सिंह यादव के भाई शिवपाल सिंह यादव चुनावी मैदान में हैं. लगातार पांच बार से वह विधायक हैं. जसवंत नगर की रामलीला को यूनेस्को ने विश्व धरोहर का दर्जा दिया है. पिछले कई दशकों से इस सीट पर सपा का वर्चस्व बना हुआ है.
राजनीतिक इतिहास
इटावा वैसे तो सपा का गढ़ माना जाता है लेकिन यहां वर्तमान में बीजेपी से रामशंकर कठेरिया सांसद है. समाजवादी पार्टी के इस समय बड़े चेहरों में मुलायम सिंह यादव, अखिलेश यादव और शिवपाल सिंह यादव इटावा जनपद के सैफई गांव के ही हैं. जसवंत नगर की बात करें तो मुलायम सिंह के राजनीति में आने के बाद सिर्फ एक बार यह सीट मुलायम परिवार से बाहर गई है.
यह भी पढ़ेंः UP Assembly Election 2022: क्या फिरोजाबाद में BJP इस बार लगा पाएगी जीत की हैट्रिक?
2017 के नतीजे
जसवंतनगर विधानसभा से सपा के शिवपाल सिंह यादव जीते थे. 126834 वोट पाकर शिवपाल सिंह यादव ने पहला स्थान बनाया, दूसरे स्थान पर भाजपा के मनीष यादव उर्फ पतरे को 74218 वोट मिले और बसपा से दुर्वेश कुमार शाक्य 24509 वोट पाकर तीसरे स्थान पर रहे थे.
| प्रत्याशी | पार्टी | वोट | जीत का अंतर |
| शिवपाल सिंह यादव | बीजेपी | 126834 | 52616 |
| मनीष यादव | सपा | 74218 | |
| दुर्वेश कुमार शाक्य | बसपा | 24509 |
जातिगत आंकड़े (अनुमानित)
यादव- 1.40 लाख
अनुसूचित जातियां- 77 हजार
शाक्य कुशवाहा- 45हजार
ब्राह्मण- 18 हजार
जसवंत नगर में मतदाता
कुल मतदाता- 3,90,297
पुरुष- 2,950,38
महिला- 1,807,41
अन्य- 18
यह भी पढ़ेंः UP Election 2022: SP का मजबूत किला है करहल, क्या भेद पाएगी BJP, हमेशा जीतता है 'यादव' उम्मीदवार
जसवंतनगर सीट का सियासी इतिहास
2017 से 1996- शिवपाल सिंह यादव- सपा
1993, 1991, 1989- मुलायम सिंह- सपा
1985- मुलायम सिंह यादव- एलकेडी
1980- बलराम सिंह यादव- इंक (आई)
1977- मुलायम सिंह यादव- जेएनपी